रायबरेली। समाजवादी पार्टी ने मंडल आयोग की सिफारिशों को लेकर शनिवार को मंडल दिवस का आयोजन किया। समाजवादी पार्टी पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष गिरिजा शंकर के नेतृत्व में कार्यकर्ता लाल टोपी लगाकर, हाथ में मांगों से संबंधित तख्तियां लेकर, पार्टी के झंडे-बैनर के साथ नारेबाजी करते हुए सुपर मार्केट से कलेक्ट्रेट पहुंचे, जहां राष्ट्रपति को संबोधित सात सूत्री ज्ञापन जिला प्रशासन को सौंपा।
प्रदर्शन के दौरान मुख्य अतिथि सपा जिलाध्यक्ष वीरेंद्र यादव ने कहा कि 7 अगस्त 1990 को तत्कालीन केंद्र सरकार ने मंडल आयोग की सिफारिश को आधे-अधूरे तरीके से लागू किया।
मंडल आयोग ने सिफारिश की थी कि देश की धन और धरती पर भी पिछड़ी जातियों को आरक्षण दिया जाए। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार पिछड़ा वर्ग विरोधी कार्य कर रही है। विशिष्ट अतिथि समाजवादी पार्टी पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ के प्रदेश सचिव दिनेश कुमार यादव ने कहा कि देश की पिछड़ी जातियों को उनका हक और सम्मान नहीं दिया गया तो सामाजिक न्याय का सपना अधूरा रह जाएगा।
जिला महामंत्री अरशद खान ने कहा कि जब देश में पशु-पक्षियों की गणना हो सकती है तो जातिगत गणना क्यों नहीं की जा सकती। नगर पालिका परिषद के पूर्व अध्यक्ष हाजी मो. इलियास ने कहा कि आबादी के अनुपात में सभी को हिस्सेदारी दी जाए। समाजवादी व्यापार सभा के जिलाध्यक्ष मुकेश रस्तोगी ने कहा कि अन्य पिछड़ा वर्ग के आरक्षण को रोकने से हुए नुकसान की भरपाई की व्यवस्था की जाए।
चंद्रराज पटेल, जितेंद्र मौर्य, शुभम पाल, मो. शमशाद, बृजेश यादव, राजकुमार लोधी, अस्मित यादव, शत्रुघ्न पटेल, सुरेश पटेल, मो. सलीम खान, नौशाद राईनी, विनोद गुप्ता ने भी विचार व्यक्त किए। इस मौके पर अजय लोधी, रंजीत यादव, राजेश मौर्य, अशोक यादव, सोहन लाल पाल, अनूप लोधी, रामनेवाज यादव, सुशील मौर्या, शाहरूख, उजैर अली, मो. आसिफ, विमल लोधी आदि मौजूद रहे।