रायबरेली। नसीराबाद पुलिस के उत्पीड़न से तंग एक युवक ने शनिवार को पुलिस कार्यालय में आत्मदाह का प्रयास किया। पहले उसने शरीर पर पेट्रोल छिड़का और फिर आग लगाने लगा।
यह देख वहां पर तैनात पुलिस कर्मियों ने दौड़कर उसे बचाया और फिर हिरासत में ले लिया। इस दौरान युवक नसीराबाद थानेदार के खिलाफ खूब चीखा चिल्लाया और रोते हुए मनमानी बताई।
आरोप लगाया कि पुलिस की प्रताड़ना से वह घर पर नहीं रह पा रहा है। आप सब मुझे पुलिस से बचा लीजिए। वहीं पुलिस अफसरों का दावा है कि युवक एक हिस्ट्रीशीटर है।
नसीराबाद के पूरे नितई मजरे बभनपुर गांव निवासी हीरालाल सुबह पुलिस कार्यालय पहुंचा और शरीर पर पेट्रोल डालकर आग लगाने लगा। यह देख वहां पर तैनात पुलिस कर्मी दौड़े और माचिस छीनकर उसे बचाया।
इस दौरान पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया। इस घटना से पुलिस दफ्तर में अफरातफरी मच गई। पुलिस कर्मी युवक को समझाने का प्रयास कर रहे थे, लेकिन वह खुदकुशी करने की बात पर अडिग था। बाद में पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया।
नसीराबाद थानेदार दयानंद तिवारी की मनमानी बताते हुए हीरालाल खूब रोया और चिल्लाया। उसने बताया कि थानेदार उसके साथ ज्यादती कर रहे हैं। इसलिए वह अपने घर पर नहीं रह पा रहा है।
आए दिन पुलिस घर पहुंचती है और फर्जी मामले में जेल भेजने की धमकी देती है। इससे वह ही नहीं, बल्कि उसका पूरा परिवार परेशान है। युवक ने कहा कि उसे पुलिस से बचा लिया जाए, वरना वह मुझे जेल भेज देगी। आरोप लगाया कि थानेदार क्षेत्र में मनमाने ढंग से काम कर रहे हैं। उन्हें तत्काल थाने से हटाया जाए।
नसीराबाद थाना क्षेत्र के पूरे नितई मजरे बभनपुर गांव निवासी हरीरालाल थाने का हिस्ट्रीशीटर है। मिनी गुंडा एक्ट की कार्रवाई में उसके खिलाफ नोटिस तामील कराई गई है। इसी बात से क्षुब्ध होकर और पुलिस कार्रवाई से बचने के लिए हीरालाल ने कार्यालय परिसर में आकर आत्मदाह का प्रयास किया। यह एक शातिर अपराधी है। इसके खिलाफ नसीराबाद थाने में पहले ही कई केस दर्ज हैं। इसका एक भाई भी हिस्ट्रीशीटर है। उसके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
श्लोक कुमार, एसपी