ऊंचाहार (रायबरेली)। एनटीपीसी परियोजना में उत्पादन घटाने के बावजूद यूनिटों में खराबी आने का सिलसिला थम नहीं रहा है। बृहस्पतिवार को उत्पादन घटाया गया, लेकिन रात में तीसरी यूनिट में खराबी आने से उसे बंद कर दिया गया। जानकारों का कहना है कि यूनिट के फैन में खराबी आई है। यूनिट के बंद होने की सूचना के बाद इंजीनियरों की टीम मरम्मत में जुट गई है।
परियोजना में छह यूनिटों में 1,550 मेगावाट बिजली बनाई जाती है। जिसमें पांच यूनिटें 210-210 मेगावाट बिजली बनाती हैं जबकि छठवीं यूनिट 500 मेगावाट बिजली उत्पादन करती है। सोमवार को चौथी यूनिट में खराबी आई थी। जिसे अधिकारियों ने जुगाड़ के सहारे चालू कर दिया था। उसके अगले दिन यूनिट के टरबाइन में आग लग गई। जैसे-तैसे कमी काे दूर कर यूनिट को फिर शुरू किया गया।
बृहस्पतिवार की रात 123 मेगावाट बिजली बना रही परियोजना की तीसरी यूनिट में खराबी आने से उत्पादन बंद हो गया है। परियोजना के जनसंपर्क अधिकारी ऋषभ शर्मा ने बताया कि यूनिट को यांत्रिक अनुरक्षण के लिए बंद किया गया है। जिसे 24 घंटे बाद चालू किया जाएगा।
इन राज्यों की बिजली आपूर्ति पर पड़ेगा असर
एनटीपीसी विद्युत परियोजना से जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश पंजाब, चंडीगढ़, हरियाणा, राजस्थान, उत्तराखंड, दिल्ली व उत्तर प्रदेश को बिजली आपूर्ति की जा रही है। गर्मी के कारण मांग भी बढ़ रही है। ऐसे में इकाइयों में आ रही खराबी का असर इन राज्यों में पड़ना तय माना जा रहा है। जानकारों का कहना है कि यदि ऐसे ही चलता रहा तो मई व जून में लोगों को बिजली संकट से जूझना पड़ेगा।