रायबरेली। सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में नव चयनित शिक्षकों की नियुक्ति की प्रक्रिया को लेकर शैक्षिक अभिलेखों के परीक्षण का सिलसिला सोमवार को भी चलेगा, क्योंकि अभी तक 15 नव चयनित शिक्षक उपस्थित नहीं हुए हैं। उन्हें एक मौका और दिया जा रहा है, ताकि कोई भी शैक्षिक अभिलेख चेक कराने से छूटने न पाए। जल्दी ही शिक्षकों को निर्देश पत्र जारी किया जाएगा। जिससे संबंधित विद्यालयों में इन्हें नियुक्ति मिलने में कोई असुविधा न होने पाए।
जिले में सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों की संख्या-46 है। ज्यादातर विद्यालयों में चयन बोर्ड से चयनित होकर आए 106 शिक्षकों की नियुक्तियां होनी हैं। इनमें 21 प्रवक्ता और 85 सहायक अध्यापक शामिल हैं। इन सहायक अध्यापकों के शैक्षिक अभिलेखों का परीक्षण किया जा रहा है। शुक्रवार और शनिवार का दिन निर्धारित किया गया था। शैक्षिक अभिलेखों का परीक्षण करने के लिए दो टीमें बनाई गई थीं। पहली टीम में बृजेश श्रीवास्तव, महेंद्र सिंह, जय सिंह, दूसरी टीम में ममता पाल, अर्चना दिवाकर, सविता शामिल हैं।
शुक्रवार और शनिवार को 35-35 शिक्षकों ने उपस्थिति दर्ज करा अपने शैक्षिक अभिलेखों का परीक्षण कराया। जिन 15 नवचयनित शिक्षकों ने शैक्षिक अभिलेखों का परीक्षण नहीं कराया है, उन्हें सोमवार तक का मौका दिया गया है। जिला विद्यालय निरीक्षक ओमकार राणा ने बताया कि नव चयनित शिक्षकों के शैक्षिक अभिलेखों का परीक्षण कराया जा रहा है। नियुक्ति की प्रक्रिया शीघ्र पूरी कराई जाएगी।
शोषण मुक्त व्यवस्था के तहत दिलाएं कार्यभार
रायबरेली। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ ने चयन बोर्ड से नव चयनित शिक्षकों को पारदर्शी एवं शोषण मुक्त व्यवस्था के तहत कार्यभार ग्रहण कराने की मांग की है। मंडलीय मंत्री जगजीवन प्रसाद शुक्ल, जिलाध्यक्ष राकेश कुमार मिश्र, जिला मंत्री शैलेश कुमार वाजपेयी, कोषाध्यक्ष नन्हे लाल ने डीआईओएस को ज्ञापन सौंपा है। पदाधिकारियों ने मांग की है कि समय से नियुक्ति पत्र निर्गत कराए जाएं। कार्यभार ग्रहण कराने के साथ वेतन भुगतान सुनिश्चित किया जाए। संवाद