रायबरेली। कार्तिक पूर्णिमा पर इस बार डलमऊ जाने वालों को परेशानी नहीं होगी। श्रद्धालुओं का सफर आसान बनाने के लिए परिवहन विभाग 60 बसों का संचालन करेगा।
शहर के साथ ही सेहंगों, तिलोई, हैदरगढ़, भोजपुर आदि स्थानों से ये बसें चलेंगी। इसके लिए डलमऊ के सराय दिलावरपुर गांव के पास अस्थायी बस स्टेशन बनाया जाएगा। तैयारियां शुरू कर दी गईं हैं।
कार्तिक पूर्णिमा पर डलमऊ में सबसे बड़ा मेला लगता है। यह मेला कई दिनों तक चलता है। अमेठी, सुल्तानपुर, प्रतापगढ़, बाराबंकी, फतेहपुर आदि जिलों के लोग डलमऊ घाट पर गंगा स्नान के लिए पहुंचते हैं।
भीड़ अधिक होने के कारण लोग परेशान होते हैं। समस्या को देखते हुए परिवहन निगम ने इस बार कार्तिक पूर्णिमा को लेकर बसों की संख्या बढ़ा दी है।
गंगा स्नान के लिए इस बार परिवहन निगम 60 बसें चलाएगा। इसके अलावा 10 बसों को रिजर्व में रखा है। शहर के अलावा ग्रामीण क्षेत्रों से भी ये बसें संचालित कराई जाएंगी।
सेहंगो-बछरावां-रायबरेली होते ही बस डलमऊ पहुंचेगी। इसके अलावा तिलोई से चलने वाली बसें भी कई कस्बों से होते हुए डलमऊ पहुंचेगी। बाराबंकी के हैदरगढ़ से भी कई बसें चलेंगी। जिले के भोजपुर, परशदेपुर सहित अन्य स्थानों से भी बसों का संचालन करके लोगों को डलमऊ गंगाघाट तक पहुंचाया जाएगा।
सभी बसें डलमऊ से पहले सरायं दिलावर गांव के पास बनने वाले अस्थायी बस स्टेशन तक जाएंगी। यहां से गंगा स्नान के बाद लोगों को गंतव्य तक पहुंचाया भी जाएगा। कार्तिक पूर्णिमा के एक दिन पहले से बसों का संचालन शुरू हो जाएगा।
कार्तिकी पूर्णिमा पर इस बार 60 बसें लगाई जाएंगी। 10 बसों को रिजर्व में रखा जाएगा। डलमऊ से पहले सरायं दिलावर गांव के पास अस्थायी बस स्टेशन बनाया जाएगा। बसों का संचालन कार्तिक पूर्णिमा से एक दिन पहले से शुरू हो जाएगा।
अक्षय कुमार, सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक, रायबरेली डिपो