प्रतापगढ़ : डॉक्टर से रंगदारी मांगने के आरोपी को पुलिस ने किया गिरफ्तार।
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सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टर से रंगदारी मांगने में नामदज दो आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर भले ही जेल भेज दिया। धीरे-धीरे अब मामले की सच्चाई सामने आने लगी है। बताया जाता है कि डॉक्टर का आरोपियों से याराना था। अक्सर साथ में सभी पार्टियां की पार्टी होती थी। डॉक्टर से आरोपियों का पैसे का लेनदेन भी होता था। घटना के दिन भी अस्पताल में ही डॉक्टर की ओर से पार्टी आयोजित की गई थी, लेकिन लेनदेन के विवाद में बात बिगड़ गई।
लालगंज सीएचसी में तैनात डॉक्टर रामराज ने तीन मई को इटौरी निवासी संदीप दुबे व अझारा निवासी नितिन मिश्र के खिलाफ रंगदारी मांगने, बंधक बनाकर प्रताड़ित करने समेत 67 हजार रूपए गूगल पे पर जबरन ट्रांसफर कराने के आरोप में केस दर्ज कराया था। मामला सरकारी अस्पताल के डॉक्टर से जुड़ा होने के चलते पुलिस ने तहरीर पर केस दर्ज कर लिया।
आरोपियों को गिरफ्तार कर पुलिस ने शुक्रवार को जेल भी भेज दिया। आरोपियों के परिजन, मित्र व अस्पताल आने जाने वालों की माने तो डॉक्टर रामराज का आरोपियों से दोस्ताना संबंध था। बताया जाता है कि डॉक्टर व आरोपियों की अक्सर आपस में पार्टी होती थी। कभी आरोपी संदीप की स्कार्पियों से सभी पार्टी करने जाते थे तो कभी अस्पताल के रेस्ट रूम में डॉक्टर सबके साथ व्यवस्था करता था।
पीड़ित डॉक्टर की ओर लिखाए गए केस पर गौर करें तो वह पहले आरोपियों के साथ स्कार्पियो से शराब के ठेके तक जाता है। फिर घंटे भी स्कार्पियो में घूमने के बाद सभी एक साथ अस्पताल के रेस्ट रूम पहुंचते है। वहां शराब पार्टी होती है और फिर गूगल पे पर रुपये ट्रांसफर करने का जिक्र किया गया है। हालांकि डॉक्टर का कहना है कि यह सब उससे जबरन कराया गया। डॉक्टर का ड्यूटी के दौरान बाहर आना, स्कार्पियो में अपनी मर्जी से बैठना व वापस आकर सबके साथ अस्पताल के रेस्ट रूम में यहां के कर्मचारियों के सामने जाना और यहां घंटों पार्टी में बैठना कहीं न कहीं डॉक्टर को भी कटघरे में खड़े करता है। अस्पताल में डॉक्टर से जबरदस्ती करना पुलिस के गले भी नहीं उतर रहा है।
मामले की छानबीन में जुटी पुलिस
आरोपी संदीप व उसके परिजनों का आरोप है कि डॉक्टर अक्सर अस्पताल में पार्टियां आयोजित करता था। उनके बीच अक्सर लेनदेन भी होता रहता था। संदीप का कहना है कि डॉक्टर रामराज ने उसे पैसे उधार ले रखे थे और घटना के दिन उसने पार्टी दे रखी थी। पार्टी के दौरान उसने अपना पैसा मांगा तो डॉक्टर में अपनी मर्जी से तीन बार में गूगल पे अकाउंट से 67 हजार ट्रांसफर कर दिए।
ऊपर से फर्जी तरीके से उसके ऊपर केस भी दर्ज करा दिया।संदीप ने बताया कि 17 अप्रैल को डॉक्टर ने पांच हजार रंगदारी मांगने का आरोप लगाया है, वह पैसा भी उसने पार्टी के आयोजन के लिए ही दिया था। इधर डॉक्टर की ओर से घटना के तीन दिन बाद दर्ज कराई गई रिपोर्ट किसी को हजम नहीं हो रही है। पुलिस भी डॉक्टर की आरोपियों से दोस्ती से इनकार नहीं कर रही है।
कोतवाल कमलेश पाल ने बताया कि तहरीर पर केस दर्ज कर आरोपियों को जेल भेजा गया है। मामले की गहनता से जांच की जा रही। जो भी दोषी मिलेगा उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। डॉक्टर रामराज से भी बात करने का प्रयास किया गया, लेकिन मोबाइल फोन बंद मिला।
किशोरी के अपहरण में पड़ोसी गांव के युवक पर केस
लालगंज कोतवाली के ठाकुर राम का पुरवा ढिंगवस निवासी महिला ने पुलिस को दी गई तहरीर में कहा है कि बीती चार अप्रैल को पड़ोसी गांव कल्यानपुर के रोहन उपाध्याय ने उसकी सोलह वर्षीय बेटी का अपहरण कर लिया। पीड़िता ने किशोरी के अनहोनी की आशंका भी जताई है। शिकायत पर पुलिस ने बृहस्पतिवार की रात आरोपी के खिलाफ अपहरण का केस दर्ज कर लिया है।