दुराचार का मुकदमा लिखाने के लिए पीड़िता एक थाने से दूसरे थाने तक करीब 21 किमी पैदल चक्कर काटती रही। इसके बाद भी पुलिस ने केस दर्ज करने के बजाय जांच के नाम पर टरका दिया। महिला के साथ उसकी सहेली के भाई ने ही हैवानियत की थी। चलती कार में उसके साथ दुराचार किया।
प्रयागराज के नवाबगंज थाना क्षेत्र की एक महिला सोमवार को बाघराय थाना क्षेत्र निवासी अपनी सहेली के घर आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने गई थी। उसे किसी काम से कुंडा जाना था। वह सहेली के भाई के साथ कार से कुंडा के लिए रवाना हुई। आरोप है कि कुंडा के बाबूगंज बाजार में पहुंचने पर सहेली के भाई ने उसके साथ दुराचार किया। शोर मचाने पर उसकी पिटाई कर दी।
इसके बाद उसे कार से धक्का देकर गिरा दिया। घटना के बाद मौके पर लोग जुट गए। इस बीच उधर से गुजर रही पुलिस उसे अपने साथ कुंडा कोतवाली ले गई। पीड़िता ने कोतवाली की महिला सेल में अपनी तहरीर लिखवाई। इस कुंडा पुलिस ने घटना बाघराय की बताते हुए उसे वहां भेज दिया। बाघराय थाने में उसे रातभर बैठाए रखा गया।
सुबह फिर उसे कुंडा भेज दिया। जेब में रुपये न होने के कारण वह 21 किमी पैदल चलकर कुंडा पहुंची और फिर से कुंडा कोतवाली में तहरीर दी। इस पर पुलिस ने उसे घटनास्थल दिखाने के लिए कहा। पुलिस केस दर्ज करने के बजाय जांच के नाम उसे टरकाती रही। इस बारे में एडिशनल एसपी रोहित मिश्रा का कहना है कि कुंडा पुलिस को मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया गया है।