अपने संबोधन के दौरान टिकट के दावेदार व पूर्व विधायक श्याद अली ने नारेबाजी व शिवाकांत को मंच से प्रत्याशी बताने पर आपत्ति जताई। आरोप है कि इस पर पूर्व मंत्री मंच पर ही पूर्व विधायक से भिड़ गए। उनके समर्थक श्याद अली के समर्थकों को मंच पर ही पीटने लगे। मंच पर ही असलहे लहराए जाते रहे। पूर्व विधायक से अभद्रता करते हुए उनके बेटे के साथ मारपीट की गई। टिकट के दावेदार बृजेश यादव को भी मंच पर ही घसीटकर पीटा गया। जिससे अफरा-तफरी मच गई। जान बचाने के लिए पूर्व विधायक श्याद अली मंच से कूद गए।
घटना की सूचना मिलने के बाद पहुंची पुलिस ने किसी तरह मामला संभाला। पुलिस ने पूर्व विधायक श्याद अली के नाम की लाइसेंसी रिवॉल्वर उनके भतीजे के पास से जब्त कर ली। घटना के बाद श्याद अली गुट के लोगों ने रानीगंज थाने का घेराव करते हुए तहरीर दी। सपा नेता बृजेश यादव की तहरीर पर पुलिस ने पूर्व मंत्री शिवकांत ओझा, उनके बेटे पूर्व ब्लॉक प्रमुख पूर्णांशू ओझा और पप्पू मिश्रा समेत 53 लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया।
पुलिस अधीक्षक सतपाल अंतिल ने बताया कि पूर्व विधायक श्याद अली के खिलाफ भी दूसरे को असलहा देने के मामले में कार्रवाई की जा रही है। उनका लाइसेंस निरस्त करने के लिए जिलाधिकारी के पास रिपोर्ट भेजी जा रही है। वीडियो फुटेज से असलहा लहराने व मारपीट करने वालों को चिह्नित कर कार्रवाई की जाएगी।