कब तक खाने होंगे गड्ढों में हिचकोले?
गांव तो दूर शहर की सड़कें नहीं हो सकीं गड्ढामुक्त
नगर पालिका की अनदेखी से हर ओर उड़ रहा धूल का गुबार
प्रतापगढ़। अफसरों की लापरवाही से शहरियों को दिन-रात धूल फांकनी पड़ रही है। गड्ढायुक्त सड़कों पर हिचकोले खाने के लिए लोग मजबूर हो गए हैं। जब शहर का यह हाल है तो गांव की सड़कों का आलम क्या होगा। नगर पालिका की अनदेखी से शहर में हर ओर गड्ढों में तब्दील हो चुकी सड़कों से धूल का गुबार उड़ रहा है।
वैसे तो शासन द्वारा बार-बार शहर से लेकर गांव की सड़कों को गड्ढामुक्त करने का दावा किया जा रहा है, लेकिन हकीकत में सड़कों पर गड्ढे ही देखने को मिल रहे हैं। शहर की कई सड़कों की दशा बद से बदतर है। भंगवाचुंगी से लेकर कोषागार चौराहे तक बनी सड़क की दशा बद से बदतर हो चुकी है। सड़क पर गड्ढों का भरमार है। हर दिन कोई न कोई गिरकर घायल भी होता है। इस सड़क पर दिन रात वाहनों की धमाचौकड़ी से धूल का गुबार उड़ता रहता है। यही हाल अंबेडकर चौराहे से लेकर मीराभवन तक का है। गड्ढों को जेसीबी से भर तो दिया गया लेकिन धूल का गुबार लगातार उड़ रहा है। जिससे दुकानदारों का व्यवसाय प्रभावित हो गया है। यहां तक इसका असर भी व्यवसाय पर पड़ रहा है। आजाद नगर की ओर जाने वाली सड़क पर गिट्टियां उभरी हुई हैं। जिससे गुजरने वाले लोगों को समस्या का सामना करना पड़ता है। आवास विकास परिषद को निर्माण कार्य की जिम्मेदारी मिली लेकिन अभी तक सड़क जस की तस है। कपूर चौराहे से लेकर विक्रम तिराहे तक सड़क का निर्माण कार्य शुरू होने के साथ ही बंद हो जाता है। जिससे लोगों को मुसीबत का सामना करना पड़ रहा है। शहर की बदहाल सड़कों से अफसर भी गुजरते हैं लेकिन गड्ढा व धूल मुक्त नहीं कर पा रहे। नगर पालिका के ईओ का रटा रटाया जवाब रहता है कि जल्द ही सड़कों की दशा सुधर जाएगी।
सड़क पर बह रहा घरों का पानी
शहर से होकर जाने वाली कई सड़कों की दशा देखते ही बनती है। जेल रोड क्रासिंग से खीरीबीर घाट की ओर जाने वाली सड़क पर लोगों के घरों का पानी बहता रहता है। पानी के चलते सड़क पर गड्ढे बन गए हैं। इस मार्ग पर चलना दूभर हो गया है। दूसरी ओर पूर्वी सहोदरपुर से महुआर जाने वाले मार्ग की दशा भी बद से बदतर है। घरों का पानी सड़कों पर बहता रहता है। जिससे लोग गिरते रहते हैं।
सीसी रोड तो बनी लेकिन फुटपाथ नहीं बन सका
शहर के नया माल गोदाम रोड पर लोक निर्माण विभाग ने सीसी रोड का निर्माण करा दिया लेकिन उसकी चौड़ाई कम है। जिसके चलते सड़क के दोनों ओर फुटपाथ कच्चा है। कहीं-कहीं मिट्टी तो डाल दी गई है। जो वाहनों के आवागमन के लिए पर्याप्त नही है। भारी वाहनों के आने जाने के दौरान समस्या खड़ी हो जाती है। नाले का कई माह पहले टेंडर हुआ लेकिन अभी तक काम प्रारंभ नहीं हो सका। पश्चिमी सहोदरपुर वार्ड में रहने वाले लोगों को जलभराव की समस्या का सामना करना पड़ता है।
पिपरी खालसा रोड पर झाडू लगाकर गिट्टी समेटता मजदूर।- फोटो : PRATAPGARH