फर्जी तरीके से ई-टिकट बुक कराने वाले पट्टी इलाके के एक दलाल को आरपीएफ ने गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से लाखों का ई-टिकट बरामद हुआ है। आरपीएफ का कहना है कि ई-टिकट की दलाली करने वाले कई और शातिरों को चिह्नित किया गया है। उनके ठिकाने पर छापामारी की जा रही है।
राजधानी लखनऊ में चल रहे रेल ई-टिकट के खेल में कई लोग गिरफ्तार हुए थे। इनकी गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने रैकेट और सरगना की तलाश शुरू कर दी। आरपीएफ ने गड़वारा से पखवारे भर पहले एक युवक को करीब 34 हजार रुपये के ई-टिकट के साथ गिरफ्तार कर जेल भेजा था।
सोमवार को आरपीएफ इंस्पेक्टर शैलेंद्र कुमार ने पट्टी कोतवाली के कुकुुर गांव से मुखबिर की सूचना पर रेलवे की आईडी को हैक करके टिकट बनाकर बेचने वाले गिरोह की खोज शुरू की।
एएसआई राकेश कुमार ने बताया कि कुकुआर निवासी अनुज कुमार घर में मौजूद था। फर्जी आईडी पर टिकट बना रहा था। उसे पकड़ लिया गया। उसका लैपटॉप कब्जे में ले लिया गया है।
लैपटाप चेक करने पर उसमें मुंबई, दिल्ली, केरल, तमिलनाड़ु, पंजाब सहित लंबी दूरी के महंगे टिकट मिले। इंस्पेक्टर शैलेंद्र कुमार ने बताया कि अनुज को जेल भेज दिया गया है। बाकी सदस्यों के बारे में भी पता लगाया जा रहा है।