खेत में पशु की हत्या के बाद अवशेष मिलने पर पहुंचे हिंदूवादी संगठनों के कार्यकर्ता।संवाद
पूरनपुर। गेहूं के खेत में पशु के अवशेष मिलने को लेकर सोमवार को हिंदूवादी संगठनों से जुड़े कार्यकर्ताओं ने हंगामा कर दिया। उन्होंने अवशेष को संरक्षित पशु का बताया। प्रदर्शन की सूचना पर पहुंची पुलिस ने आक्रोशित कार्यकर्ताओं को समझाया। अवशेष का नमूना जांच के लिए भेजा गया है। मामले की रिपोर्ट भी दर्ज की गई है।
गांव वालों ने बताया कि सोमवार को जब कुछ ग्रामीण खेतों की ओर गए तो गांव भगवंतापुर और मुझा के बीच गेहूं के खेतों में पशु के अवशेष और एक स्थान पर खून पड़ा देखा। इसकी जानकारी हिंदू संगठनों और पुलिस को दी गई। पता चलते ही गौरक्षा प्रमुख जिलाध्यक्ष शिवम भदौरिया, जिला उपाध्यक्ष हरमीत सिंह लाली, अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद के जिलाध्यक्ष दयाल विश्वास, जिला मंत्री सचिन गुप्ता, अंचल चौहान, विनय कुमार आदि पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए।
कार्यकर्ताओं ने अवशेष संरक्षित पशु के बताकर हंगामा शुरू कर दिया। कहा कि लंबे समय से क्षेत्र में संरक्षित पशु की हत्या के मामले सामने आ रहे है। बावजूद पुलिस मांस तस्करों के खिलाफ कार्रवाई नहीं कर रही। इस वजह से तस्करों के हौसले बुलंद हैं।
हंगामे की सूचना पर इंस्पेक्टर क्राइम गजेंद्र सिंह टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि पशु चिकित्सक को मौके पर बुलाकर अवशेष दिखाए गए। जांच के लिए अवशेष का सैंपल लिया गया है। हिंदूवादी संगठन पदाधिकारियों की ओर से तहरीर दी गई। इसके आधार पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की है।