पूरनपुर। महंगे अस्पतालों में डिलीवरी से बचने के लिए सीएचसी में डिलीवरी कराने पर भी सुविधा शुल्क की वसूली होती है। यहां नाल कटाई, ड्रिप लगवाई, मिठाई, साफ-सफाई आदि के लिए बतौर सुविधा शुल्क रुपये लिए जाते हैं। सपा कार्यकर्ताओं ने सीएचसी में भ्रष्टाचार के विरोध में सोमवार को धरना देकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने एसडीएम को संबोधित ज्ञापन तहसीलदार को सौंपा। ज्ञापन में सुविधा शुल्क वसूली के आरोपी कर्मचारी, प्रभारी चिकित्साधिकारी, निजी कर्मचारियों को हटाने, प्रसव कक्ष में साफ-सफाई कराने की मांग की गई।
प्रांतीय व्यापारी और सपा नेता विजयपाल विक्की के नेतृत्व में सोमवार सुबह सीएचसी पहुंचे सपाइयों ने भ्रष्टाचार के विरोध में हंगामा कर धरना शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि सीएचसी में भ्रष्टाचार चरम पर है। चिकित्सक और अन्य स्टाफ अक्सर ड्यूटी से नदारद रहते हैं। प्राइवेट कर्मचारियों की भरमार है। जो जमकर सुविधा शुल्क की वसूली करते हैं। डिलीवरी कराने से लेकर नाल कटाई, ड्रिप लगवाई, मिठाई, साफ-सफाई और विदाई पर अवैध वसूली होती है। प्रदर्शनकारियों ने भ्रष्टाचार के आरोपियों पर कार्रवाई न होने तक आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दी।
इस दौरान एसडीएम से मोबाइल पर हुई वार्ता पर प्रदर्शनकारियों ने एसडीएम को संबोधित ज्ञापन तहसीलदार को सौंपा। ज्ञापन में भ्रष्टाचार करने के आरोपियों पर कार्रवाई करने, प्रभारी चिकित्साधिकारी और प्राइवेट कर्मचारियों को सीएचसी से हटाने, प्रसव कक्ष की साफ-सफाई कराने की मांग की। प्रदर्शन करने वालों में विजयपाल विक्की, सपा के नगराध्यक्ष हाजी लाडले, जिला सचिव तौफीक अहमद कादरी, नोमान अली वारसी, यूथ ब्रिगेड के जिलाध्यक्ष संजय खान, इमरान खान शामिल रहे।
पत्नी सलमा बेगम को प्रसव पीड़ा के चलते रविवार रात 11 बजे सीएचसी में भर्ती कराया गया था। ड्रिप लगाने के 500 रुपये लिए गए। शिशु के जन्म पर नाल कटवाई के नाम पर 150 रुपये, मिठाई के नाम पर 1100 रुपये की मांग की गई। 700 रुपये लिए गए। साफ-सफाई को आए कर्मचारी ने 300 रुपये की मांग की। अभी विदाई होने पर और नेग देने को कहा गया। - मोहम्मद हनीफ, साहूकारा लाइनपार
करीब दो महीने पहले प्रसव पीड़ा को लेकर पत्नी नसीम को सीएचसी में भर्ती कराया गया। अच्छा बेड देने को एक हजार रुपये लिए गए। नाल कटाई के नाम पर 250 रुपये, डिलीवरी कराने के 1500 रुपये लिए गए। मिठाई के नाम पर 500 रुपये, साफ-सफाई करने वाले ने पांच सौ रुपये लिए। - समीर रजा, रजागंज
प्रदर्शनकारी भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए स्टाफ नर्स को हटाने की मांग कर रहे थे। स्टाफ नर्स को सीएचसी से हटाकर महिला चिकित्सालय में संबद्ध कर दिया है। सीएचसी में भ्रष्टाचार का आरोप निराधार लगाया जा रहा है।
डॉ. प्रेम सिंह राजपूत, प्रभारी चिकित्साधिकारी।