पूरनपुर। कृषि कानून वापस न होने के विरोध में भाजपा के प्रबुद्ध सम्मेलन स्थल के बाहर काले झंडे लहराना महंगा पड़ गया। पुलिस ने पहले किसानों को हिरासत में लिया लेकिन बाद में छोड़ दिया। अब उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। अन्नदाता किसान यूनियन के पदाधिकारियों समेत कुल 12 किसानों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।
चौकी इंचार्ज की ओर से दर्ज कराई गई रिपोर्ट में कहा गया कि भाजपा प्रदेश महामंत्री का एक बारात घर में कार्यक्रम था। इस दौरान बरात घर के सामने सतनाम सिंह, कर्मवीर सिंह और 12 अन्य लोगों ने प्रदेश महामंत्री को काले झंडे दिखाने का प्रयास किया। बगैर मास्क के एकत्र होकर मार्ग अवरूद्ध किया, सामाजिक दूरी कोविड-19 के नियमों का पालन न करते हुए विधि विरूद्ध ढंग से रोड जाम करना जुर्म है। दूसरी ओर किसान नेता कर्मवीर ने पुलिस को तहरीर दी। इसमें कहा गया है कि भाजपा के सम्मेलन में कोरोना के बचाव की गाइड लाइन का पालन नहीं हो रहा था। रास्ते पर गाड़ियां खड़ी कर जाम लगाया गया था। वह लोग लोकतांत्रिक तरीके से विरोध कर रहे थे पर भाजपा नेताओं ने अभद्रता की। इस पर पुलिस को कार्रवाई करनी चाहिए।