पीलीभीत। ट्रेन में एस्कार्ट ड्यूटी में चल रहे जीआरपी के सिपाहियों से मारपीट करने के आरोप में दो लोगों पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। इसमें एक बैंक का मैनेजर है। दूसरा क्लर्क है। दोनों को अभी पुलिस गिरफ्तार नहीं कर पाई है। जीआरपी के सीओ घटना स्थल का मुआयना करने के बाद लखनऊ लौट गए हैं।
पीलीभीत से 24 मार्च की रात बरेली जा रही पैसेंजर ट्रेन में सेंथल स्टेशन पर एस्कार्ट ड्यूटी पर जा रहे जीआरपी सिपाहियों से कुछ लोगों ने मारपीट की थी। आरोप है कि सिपाहियों की पिस्टल लूटने का प्रयास भी किया गया था। सिपाही की तहरीर पर रामसेवक और कमलजीत के अलावा कुछ अन्य लोगों के खिलाफ सरकारी काम में बाधा, मारपीट और लूट के प्रयास की रिपोर्ट दर्ज की गई थी। सिपाहियों की सूचना पर लखनऊ से आए जीआरपी सीओ मोहम्मद असगर ने शुक्रवार रात जीआरपी थाने पहुंचकर जानकारी की। इसके बाद शनिवार को घटना स्थल सेंथल पहुंचकर जांच की। जांच के दौरान पता चला कि नामजद दोनों आरोपी शहर के एक बैंक में एक मैनेजर और दूसरा बाबू है।
हालांकि पुलिस अभी दोनों की गिरफ्तारी नहीं कर पाई है। जीआरपी एसओ सूर्यप्रकाश शुक्ल ने बताया कि कमलजीत और रामसेवक नामजद हैं। इसमें एक बैंक मैनेजर है और दूसरा क्लर्क। दोनों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। अभी तक जो जानकारी सामने आई वह वीडियो दिखाने पर मिली है। इस जानकारी की पुष्टि की जा रही है। पुष्टि के बाद ही जीआरपी कार्रवाई करेगी।