सात मरीजों की मौत, 811 संक्रमित मिले
मुजफ्फरनगर। कोरोना का कोहराम थम नहीं रहा है। संक्रमण से दो महिलाओं समेत सात मरीजों की और मौत हो गई। शुक्रवार को 811 नए संक्रमित हैं। इनमें शहर में 421 और देहात में 390 मरीज मिले हैं। 373 मरीज ठीक हुए। इसके बाद भी जिले में कोरोना मरीजों की संख्या बढ़ कर 5307 हो गई है।
सीएमओ डॉ. एमएस फौजदार ने बताया कि कोरोना संक्रमित सात मरीजों की मृत्यु हुई है। जनपद में अब तक 199 मरीजों की मृत्यु हो चुकी है। लखनौती निवासी 47 साल के ग्रामीण, अंकित विहार की 49 साल की महिला, एटूजेड कालोनी निवासी 40 साल के शिक्षक, खतौली के गांव लोहडडा निवासी 22 साल की विवाहिता, रामपुर तिराहा निवासी 48 साल के व्यक्ति तथा बझेड़ी निवासी 55 साल के ग्रामीण की बेगराजपुर मेडिकल कॉलेज के कोविड अस्पताल में मृत्यु हुई है। नई मंडी निवासी 72 वर्षीय व्यक्ति की मेरठ के न्यूटिमा अस्पताल में मृत्यु हुई है।
सीएमओ ने बताया कि शुक्रवार को आई रिपोर्ट में 811 नए संक्रमित मिले हैं। इनमें शहर में 421 मरीज पाए गए हैं। शहर से सटे क्षेत्र में 164 मरीज मिले हैं। इनके अलावा बघरा ब्लॉक क्षेत्र में 16, बुढ़ाना में नौ, चरथावल में 23, जानसठ में 78, खतौली में 32, मोरना में 14 , पुरकाजी में 38, शाहपुर में 16 मरीज मिले हैं। इनमें से अधिकांश मरीजों के संपर्क में आने से संक्रमित हुए हैं। शुक्रवार को 353 मरीज हुए हैं। अब तक जिले में 22432 मरीज मिल चुके हैं, जिनमें से 16926 मरीज ठीक हो गए हैं। अभी भी जनपद में 5307 मरीजों का उपचार चल रहा है।
रोटरी क्लब के पूर्व अध्यक्ष का निधन
खतौली। रोटरी क्लब खतौली के पूर्व अध्यक्ष व समाजसेवी लाला ओमप्रकाश गुप्ता (70) का शुक्रवार को दिल्ली के एक हॉस्पिटल में निधन हो गया है। परिजनों के अनुसार, करीब एक पखवाड़े पूर्व वे कोरोना संक्रमण की चपेट में आ गए थे, जिसके चलते उन्हें उपचार के लिए दिल्ली के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। लाला ओमप्रकाश की मौत की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में लोगों ने उनके घर पहुंचकर शोक संवेदनाएं व्यक्त की। भाजपा अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष नरेंद्र जैन उर्फ गुल्लू और त्रिवेणी शुगर मिल के उपाध्यक्ष डॉ अशोक कुमार ने भी समाजसेवी की मौत पर शोक व्यक्त किया। उधर, पत्रकार सचिन गुप्ता के ताऊजी के आकस्मिक निधन के साथ ही सच कहूं समाचार पत्र से जुड़े पत्रकार हरिओम इंसा की पत्नी की भी आकस्मिक मौत होने पर उनकी आत्मशांति के लिए दो मिनट का मौन रखा गया।