मुजफ्फरनगर। प्रदेश में हरियाणा के यमुनानगर से बड़े पैमाने पर फर्जी प्रपत्रों के जरिये अवैध खनन का परिवहन किया जा रहा है। जांच में पुष्टि के बाद खनन निदेशक रोशन जैकब ने चार जनपदों के डीएम को पत्र लिखकर इस पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने के निर्देश दिए हैं।
भूतत्व एवं खनिकर्म निदेशक रोशन जैकब ने जनपद सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, शामली व बागपत के जिलाधिकारियों को पत्र लिखकर बताया कि हरियाणा के यमुनानगर से बहुत बड़े पैमाने पर फर्जी कागजात के जरिये अवैध खनन का आवागमन प्रदेश में किया जा रहा है। इससे प्रदेश सरकार को राजस्व की हानि के साथ ही स्थानीय कारोबार को भी नुकसान हो रहा है। खनन निदेशक ने बताया कि सहारनपुर के स्टोन क्रेशर संचालकों ने उनसे शिकायत की थी, हरियाणा के यमुनानगर में कुछ लोग बड़े पैमाने पर अवैध खनन करने के बाद इसका भंडारण कर रहे हैं। इसके बाद बोगस प्रपत्रों (फर्जी कागजात व बिल) से इसकी खरीद दिखाकर खनन को भंडारण स्थल से अवैध रूप से यूपी के जनपदों में भेज रहे हैं। उन्होंने गोपनीय रूप से सहारनपुर जनपद में इसकी जांच कराई, जिसमें शिकायतों की पुष्टि हुई। इसके बाद निदेशक खनन की ओर से हरियाणा के खनन विभाग को सूचना दी गई, जिसके आधार पर गत एक जुलाई को हरियाणा के पंचकूला से खनन अधिकारी द्वारा अभिवहन प्रपत्रों की निकासी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। खनन निदेशक ने पश्चिमी यूपी के सभी चारों जनपदों के डीएम को पत्र लिखकर अवैध खनन के इस परिवहन पर तत्काल प्रभाव से कार्रवाई कर इसे बंद कराने के निर्देश दिए हैं।