निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय निषाद और पीस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ अय्यूब सर्जन ने कहा कि प्रदेश में वे दोनों मिलकर चुनाव लड़ेंगे। दोनो नेताओं ने मुसलमानों, अति दलितों और अति पिछड़ों के साथ 70 साल में अन्याय करने का आरोप लगाया। भाजपा, सपा, बसपा और कांग्रेस पर जमकर प्रहार किए।
संजय निषाद ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी ने लोगों को 15 लाख रुपये खातों में भेजने की बात कहकर ठग लिया। पहले वोट लूट लिया फिर नोट लूट लिया। उन्होंने कहा कि निषाद राज का इलाहाबाद का महल और झांसी का हीरा कश्यप का किला यह गवाही देते हैं कि हमने राज किया है। आज प्रदेश में हम न तो नौकरियों में हैं और न ही सत्ता में हैं। जब तक हम सत्ता में नहीं आएंगे, तब तक हमारा सामाजिक और आर्थिक उत्थान नहीं हो सकता।
उन्होंने कहा कि जब दलित अपनी पार्टी बनाकर सत्ता प्राप्त कर सकते हैं तो हम क्यों नहीं। पीस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ अय्यूब ने कहा कि मुसलमानों और अति पिछडों को अधिकार चाहिए तो एक मंच पर आना होगा। हिंदुत्व के नाम पर इनके वोट लेकर बाद में इन्हें सत्ता से बाहर फेंक दिया जाता है। मुसलमानों को पहले कांग्रेस ने फिर सपा-बसपा ने ठगा है। दलित मुसलमानों को आरक्षण नहीं दिया गया।
बसपा की महारानी को गुलाम चाहिए। प्रदेश में सपा और भाजपा ने मिलकर दंगे कराए। सपा का 18 प्रतिशत आरक्षण का वादा झूठा निकला। उन्होंने कहा कि पीस पार्टी और निषाद पार्टी मिलकर चुनाव लड़ेगी। अध्यक्षता जयभगवान कश्यप और संचालन राकेश कश्यप ने किया। पीस पार्टी के जिलाध्यक्ष इरफान अंसारी, तहसीन अहमद, नजर कुरैशी आदि मौजूद रहे।