लगातार बारिश से जनजीवन ठहरा
मुजफ्फरनगर। जिले में बीते 24 घंटे में रिकार्ड 151.4 मिलीमीटर बारिश हुई। भारी वर्षा से शहर के निचले इलाकों में पानी भर गया और मार्ग अवरुद्ध हो गए। लगातार बारिश के चलते जनजीवन ठहर गया और लोगों को अपने घरों में कैद रहना पड़ा। बारिश के कारण वाहनों की रफ्तार भी थम गई। जिले के कई इलाकों में मकान और पेड़ गिरने से लोगों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा
बुधवार की शाम से शुरू हुई बारिश बृहस्पतिवार की शाम तक लगातार जारी रही। जिले में 151.4 मिलीमीटर रिकार्ड बारिश हुई। लगातार बारिश के चलते मौसम में आर्द्रता 100 प्रतिशत रही। अधिकतम तापमान 27.0 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 22.8 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया। बारिश से लोगों को गर्मी से राहत महसूस हुई। बुधवार तड़के झमाझम बारिश हुई। बारिश का आलम यह रहा कि शहर की कई पॉश कॉलोनियों में भी इतना पानी भर गया कि मार्ग अवरुद्ध हो जाने से लोग अपने घरों में ही कैद होने को मजबूर हो गए। शहर के हृदयस्थल शिवचौक पर वाहन तक नहीं निकल पाए। नई मंडी, गांधी कॉलोनी, साकेत, दक्षिणी सिविल लाइन जैसी पॉश कॉलोनियों में भी पानी जमा हो गया। शहर के निचले इलाकों की हालत बहुत ही खराब रही। जनकपुरी, रामपुरी, किदवईनगर में सड़कों पर इतना पानी था कि सड़क का ही पता नहीं चला। अंसारी रोड, रुड़की रोड, एसडी मार्केट रोड, मेरठ रोड, कच्ची सड़क पर पानी भरा रहा। ऐसे में राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
हनुमानपुरी में घरों में पानी घुसा
शहर की रामपुरी से सटी कॉलोनी हनुमानपुरी में कई मोहल्लों का पानी एकत्र होने के कारण कई फुट पानी एकत्र हो गया। ऐसे में हनुमान मंदिर के अलावा श्रवण, संजीव सिंघल, नितिन अग्रवाल, राकेश कुमार, डॉ. ललित कुमार, राजेश, नीरज आदि के घरों में पानी घुसने से नागरिकों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। सुबह साढे़ दस बजे बारिश हल्की हुई। इसके बावजूद एक घंटे बाद तक पूरी कॉलोनी में जलभराव रहा।
बाजारों में भीड़ रही कम
बुधवार को पूरे दिन बारिश होने से जनजीवन पूरी तरह से प्रभावित रहा। ऐसे में बाजारों में भी भीड़ दिखाई नहीं दी। बारिश के कारण बाजार में आधे से अधिक दुकानें खुली ही नहीं और बाजार में ग्राहक भी कम नजर आए। सरकारी दफ्तर खुले तो जरूर लेकिन कर्मचारी बहुत कम रहे। आम जनता दफ्तरों में नहीं आई।
फसलों के लिए अच्छी बारिश
मुजफ्फरनगर। जिला कृषि अधिकारी जसवीर सिंह तेवतिया ने बताया कि यह बारिश फसलों के लिए अच्छी है। बारिश में धान की रोपाई भी हो जाएगी। धान, गन्ना, ज्वार आदि फसलों के लिए बारिश फायदे वाली है। यदि तेज हवा चली तो गन्ने की फसल गिरने की आशंका रहेगी। बेल वाली सब्जियों के लिए यह बारिश जलभराव होने से नुुकसान पहुंचाएंगी।
वर्ष वर्षा
जुलाई 2018 439.4 मिली मीटर
जुलाई 2019 306.0 मिली मीटर
जुलाई 2020 324.8 मिली मीटर
जुलाई 2021 331.2 मिली मीटर
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मुजफ्फरनगर में सुबह झमाझम बारिश से हुए जलभराव से गुजरती महिला।- फोटो : MUZAFFARNAGAR
मुजफ्फरनगर की साकेत रोड पर झमाझम बारिश के चलते हुए जलभराव से गुजरते वाहन सवार।- फोटो : MUZAFFARNAGAR
रिमझिम बारिश में छाता लेकर गंतव्य को जाती महिलाएं।- फोटो : MUZAFFARNAGAR
मुजफ्फरनगर में सुबह झमाझम बारिश के चलते एसडी कालेज मार्केट में हुआ जलभराव।- फोटो : MUZAFFARNAGAR
मुजफ्फरनगर में सुबह झमाझम बारिश के चलते शिव चौक पर हुआ जलभराव।- फोटो : MUZAFFARNAGAR