किसानों में उत्साह, वाहन और खाने के लिए कर रहे चंदा
मुजफ्फरनगर में होने वाली महापंचायत के लिए किसानों में भारी उत्साह है। किसान महापंचायत में जाने के लिए वाहनों और खाने-पीने के लिए चंदा कर रहे हैं। ये पहली बार देखने को मिल रहा है कि वे न तो किसान संगठनों से मदद ले रहे हैं और न राजनीतिक दलों से। संयुक्त किसान मोर्चा ने मुजफ्फरनगर के जीआईसी मैदान में रविवार को किसान महापंचायत आहूत की है।
महापंचायत को धर्मयुद्ध का नाम दिया जा रहा है। सत्ताधारी भाजपा की जहां महापंचायत पर नजर लगी है, वहीं विपक्षी दल भीड़ जुटाने के लिए पूरी भागदौड़ कर रहे हैं। शुक्रवार को रालोद के प्रदेश संगठन प्रभारी डॉ. राजकुुमार सांगवान ने रोहटा ब्लाक के रोहटा, डालमपुर, चिंदौड़ी और भदौड़ा गांव में संपर्क किया। सांगवान ने बताया कि किसानों में इस कदर जोश है कि उन्हें कहने की जरूरत नहीं पड़ रही है। सपा नेता अतुल प्रधान ने बताया कि उनकी तरफ से गांव दादरी में हाईवे पर किसानों की सेवा का इंतजाम किया जाएगा।
खाना-बसों की खुद व्यवस्था कर रहे लोग
मुजफ्फरनगर में कल होने वाली किसान महापंचायत के लिए रालोद ने पूरी ताकत झोंक दी है। रालोद अध्यक्ष जयंत चौधरी ने अपील की है कि अधिक से अधिक संख्या में महापंचायत में शामिल हों। सिवालखास, सरधना, किठौर, हस्तिनापुर विधानसभा में हालात ये हैं कि लोग अपने जाने और खाने की व्यवस्था भी खुद कर रहे हैं। संगठन महामंत्री डॉ. राजकुमार सांगवान ने बताया कि गांव-गांव जाकर युवाओं की टोलियां चंदा एकत्र कर बसों की व्यवस्था कर रही हैं।
गांव-गांव से खाने का इंतजाम किया जा रहा है। गांवों में लोग कह रहे हैं कि हम खुद अपनी बसों से जाएंगे। खाना भी खुद बनवाकर ले जाएंगे। मेरठ से हजारों की संख्या में किसान शामिल होंगे। वहीं, मेरठ, बागपत, गाजियाबाद, शामली, सहारनपुर और बिजनौर आदि जिलों के कार्यकर्ताओं को शनिवार शाम को ही महापंचायत में पहुंचने को कहा गया है, ताकि वे खाने और महापंचायत की पूरी व्यवस्था पर ध्यान दें। जयंत चौधरी ने सभी पदाधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि आसपास जिलों के कार्यकर्ता पूरी ताकत के साथ पहुंचें, ताकि किसान विरोधी सरकार को जवाब मिल सके।