अस्पताल में गंदगी, छह का वेतन रोका
मुजफ्फरनगर। जानसठ सीएचसी पर स्वच्छ भारत अभियान का पलीता लगा मिला। कई कर्मचारी अस्पताल से नदारद मिले और दवाइयों का रखरखाव भी अव्यवस्थित पर आला अधिकारियों का पारा चढ़ गया। मामले में सीएमओ ने छह कर्मचारियों को वेतन रोकने के आदेश दिए हैं। वहीं, जड़ौदा गांव में भी निरीक्षण कर गर्भवती महिलाओं से टीकाकरण की जानकारी ली गई।
कांवड़ के दौरान सीएचसी-पीएचसी पर स्टॉफ की कमी होने से व्यवस्थाएं भी डगमगा गई। डॉक्टरों की तैनाती कैंप में रही, जबकि कर्मचारियों ने भी अस्पताल में झांका तक नहीं। अब कांवड़ यात्रा निपटने के बाद अस्पतालों में मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है। वहीं, जुलाई माह में मच्छरों का प्रकोप भी खतरनाक हो गया है। इसको लेकर सामुदायिक और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर साफ-सफाई के विशेष निर्देश दिए गए हैं। मंगलवार को शिकायतों के चलते सीएमओ डॉ पीएस मिश्रा ने जानसठ सीएचसी का निरीक्षण किया। यहां गंदगी पसरी मिली और स्टॉफ गायब मिला। इसको लेकर सीएमओ ने नाराजगी जताई। बुधवार को सीएमओ ने सीएचसी के चिकित्सक समेत छह कर्मचारियों के वेतन रोकने की संस्तुति की है। उधर, जड़ौदा गांव में भी स्वास्थ्य उपकेंद्र का निरीक्षण किया गया। गांव में गर्भवती महिलाओं के लगने वाले टीकों की जानकारी ली गई।