ट्रेन से कटी महिला (सांकेतिक तस्वीर)
- फोटो : अमर उजाला (फाइल फोटो)
पशुओं को चराकर किसी तरह गुजारा करने वाली एक महिला ट्रैक पार करते वक्त ट्रेन की चपेट में आ गई। महिला की मौके पर ही मौत हो गई और दो पशु भी कट गए। महिला की गोद से दूर जाकर गिरी डेढ़ साल की बेटी की जान तो बच गई, लेकिन वह घायल हो गई।
बनियाठेर थाना क्षेत्र के मझावली गांव निवासी सुरेश दिवाकर मजदूरी करता है। उसकी पत्नी ममता (30) दूसरे ग्रामीणों के पशुओं को बटाई पर चराकर किसी तरह परिवार के पालन-पोषण करती थी।
रोजमर्रा की भांति वह शनिवार को भी भैंसों को चराने के लिए निकली थी। दोपहर करीब डेढ़ बजे पशुओं को प्यास लगी तो रेलवे ट्रैक के दूसरी ओर स्थित तालाब में पशुओं को पानी पिलाने ले जा रही थी। इसी बीच चंदौसी बहजोई के बीच रेलवे फाटक 40 सी से पहले ही दो पशु ट्रैक पर रुक गए।
ममता बेटी खुशबू को गोद में लिए चल रही थी। ट्रेन को आते देख अपनी भैंसों को बचाने के लिए महिला डंडा लेकर दौड़ी। भैंसों को आगे बढ़ाकर ट्रैक पार कराना चाहती थी लेकिन इसी बीच चंदौसी से अलीगढ़ जा रही मुंबई लोकमान्य तिलक टर्मिनल एक्सप्रेस आ गई, जिससे दो पशुओं की कटकर मौत हो गई। साथ ही ममता भी ट्रेन की चपेट में आ गई। उसकी भी मौके पर ही मौत हो गई।
ममता की गोद में बैठी खुशबू छिटक कर दूर जाकर गिरी, जिससे वह घायल हो गई। कुछ पीछे चल रहा ममता का बेटा अमन यह देखकर घबरा गया। घर जाकर परिजनों को बताया तो ग्रामीण दौड़कर मौके पर पहुंचे।
गेटमैन ने पावर केबिन को सूचना तो स्टेशन अधीक्षक आशीष कुमार मिश्रा, सीओ पूनम मिश्रा, आरपीएफ मौके पर पहुंची। महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। उसकी घायल बेटी को अस्पताल ले जाया गया। घटना के बाद परिजनों में कोहराम मच गया है।