सपा में टिकट को लेकर 24 घंटे चले हाई वोल्टेज ड्रामे के बाद अचानक तस्वीर बदल गई। नामांकन के आखिरी दिन बुधवार को ऐन वक्त पर सपा का सिंबल और सांसद डॉ. एसटी हसन के टिकट निरस्तीकरण का पत्र लेकर कलक्ट्रेट पहुंचीं पूर्व विधायक रुचि वीरा ने नामांकन कर सभी को चौंका दिया। दिनभर इस घटनाक्रम को लेकर सभी की निगाहें कलक्ट्रेट पर टिकी रहीं। सपा में टिकट को लेकर हाई वोल्टेज ड्रामे की शुरुआत मंगलवार को सांसद डॉ. एसटी हसन के नामांकन पत्र भरने के बाद शुरू हुई थी।
उनके नामांकन करने के बाद दिनभर टिकट कटने की चर्चाएं होती रहीं। हालांकि पार्टी के किसी पदाधिकारी की ओर से उन्हें कोई सूचना नहीं दी गई थी। मंगलवार की शाम पांच बजे शहर में खबर फैल गई कि आजम खां की करीबी बिजनौर की पूर्व विधायक रुचि वीरा को पार्टी का सिंबल मिल गया है। इससे गुस्साए सपा के कुछ समर्थकों ने मंगलवार की रात रुचि वीरा वापस जाओ के नारा लगाते हुए फैजगंज चौराहे पर उनका पुतला फूंक दिया।
देर रात सपा के समर्थक सांसद के आवास पर डटे रहे। इसके बावजूद सांसद समर्थकों को लगा कि उनका टिकट कटा नहीं है। बुधवार को दिनभर सपाइयों की नजर कलक्ट्रेट पर टिकी रही। दोपहर पौने एक बजे के करीब रुचि वीरा चार समर्थकों के साथ कलक्ट्रेट पहुंचीं। इसके बाद नामांकन कक्ष में दाखिल हुईं। जहां सपा के सिंबल के साथ डॉ. एसटी हसन के सिंबल निरस्तीकरण के लिए राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के जारी पत्र को दिखाया।
तीन बजे तक पार्टी मुख्यालय से पत्र नहीं आने पर सपा सांसद के समर्थकों की आस टूट गई। जिले के अधिकारियों ने कहा कि अब पत्र आने पर भी नहीं लिया जाएगा। समय समाप्त हो गया है।
पार्टी के लोगों का कहना है कि 2022 में रुचि वीरा बिजनौर में 2014 से 17 तक सपा की विधायक रहीं। इसके बाद वह 2022 में बसपा से चुनाव लड़ीं लेकिन चुनाव हार गई थीं। 2023 में बसपा ने रुचि वीरा को बाहर का रास्ता दिखा दिया। इसके बाद उन्होंने फिर सपा का दामन थाम लिया। रुचि वीरा को आजम खां का सबसे करीबी माना जाता है।
मुरादाबाद लोकसभा सीट को लेकर सोशल मीडिया पर खूब चर्चा हो रही है। सपा ने पहले एसटी हसन को प्रत्याशी बनाया था फिर उनका टिकट काट कर रुचि वीरा को प्रत्याशी बना दिया। बुधवार को दिन भर सोशल मीडिया पर ये चर्चा होती रही। लोग एक दूसरे से फोन पर भी पूछताछ करते रहे कि सपा का टिकट किसे मिला है। मुरादाबाद ही नहीं उत्तर प्रदेश और देश भर में इस सीट को लेकर मैसेज चलते रहे।