मुरादाबाद। मझोला के चर्चित ध्रुव अपहरण प्रकरण में सोमवार को सुनवाई टल गई। आरोपी शिखा और अशफाक ने जमानत के लिए प्रार्थना पत्र दिया था जिस पर सुनवाई होनी थी। एक अधिवक्ता के निधन की वजह से सोमवार को सुनवाई टल गई। अदालत ने अब 29 अक्तूबर की तारीख सुनवाई के लिए तय की है।
मझोला थानाक्षेत्र के लाइन पार रामलीला मैदान के पास रहने वाले फाइनेंस कंपनी कर्मचारी गौरव कुमार के पांच साल के बेटे ध्रुव कुमार को सात अगस्त की दोपहर अगवा कर लिया गया था। अगले दिन बच्चा गाजियाबाद के कौशांबी में बरामद हुआ था। मझोला पुलिस ने इस मामले में ध्रुव की मां शिखा और तेलंगाना निवासी अशफाक व इमरान खान को गिरफ्तार कर अपहरण कांड का खुलासा किया था। पुलिस ने दावा किया था कि शिखा ने ही अपने प्रेमी अशफाक के साथ घर बसाने के लिए बेटे का अपहरण कराया था। पुलिस ने दावा किया था कि अशफाक ने इंटरनेट कॉल कर गौरव से तीस लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। इस मामले में शिखा समेत तीनों आरोपी न्यायिक अभिरक्षा में जेल में बंद हैं। शिखा और अशफाक ने अपने अधिवक्ता अभिषेक शर्मा के जरिये जमानत के लिए अदालत में प्रार्थना पत्र दाखिल किया गया था। इस प्रार्थना पत्र पर सोमवार को अदालत में प्रार्थना पत्र पर सुनवाई होनी थी। लेकिन अधिवक्ता के निधन की वजह से न्यायिक कामकाज ठप हो गया। सोमवार को इस मामले में सुनवाई नहीं हो सकी। अब अदालत ने अगली सुनवाई के लिए 29 अक्तूबर की तारीख तय की है।