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Moradabad News: उपभोक्ता फोरम ने बीमा कंपनी को दिया तीन लाख रुपये जमा करने का आदेश

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मुरादाबाद। जिला उपभोक्ता अदालत ने इंश्योरेंस कंपनी दो लाख 90 हजार 926 रुपये का जुर्माना लगाया है। आर्थिक व मानसिक कष्ट की क्षतिपूर्ति के लिए 15 हजार रुपये एवं वाद व्यय 10 हजार रुपये एक माह के अंदर भुगतान करने का आदेश दिया है।
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सिविल लाइंस के आशियाना कॉलोनी निवासी स्वदेश गुप्ता ने जुलाई 2024 में जिला उपभोक्ता न्यायालय में स्टार हेल्थ एंड एलाइज इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड की मुरादाबाद शाखा और स्टार हेल्थ एंड एलाइज इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड रायएपटटाह चेन्नई शाखा और सिविल लाइंस स्थित पंजाब नेशनल बैंक के शाखा प्रबंधक के खिलाफ परिवाद दायर किया था। जिसमें उन्होंने बताया कि उनके पति आनंद गुप्ता ने अपने व परिवार की भविष्य की चिंता करते हुए स्वास्थ्य संबंधी योजना के तहत मेडिक्लेम पॉलिसी पहली बार साल 2002 में कराई थी। छह साल तक दि ओरियंटल इंश्योरेंस कंपनी से जारी रही थी लेकिन बेहतर योजना के उद्देश्य से मेडिक्लेम पॉलिसी यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड में पोर्ट करा ली जोकि साल 2021 तक लगातार चलती रही थी।
उन्होंने बताया कि उनके पति आनंद गुप्ता का सिविल लाइंस स्थित पंजाब नेशनल बैंक में बचत खाता था। बैंक ने उनके पति से कहा कि पंजाब नेशनल बैंक के एकाउंट होल्डर के लिए एक इंश्योरेंस कंपनी स्टार हेल्थ एंड एलाइज इंश्योरेंस वह पंजाब नेशनल बैंक संबद्ध है अब हम होल्डर के लिए मेडिक्लेम पॉलिसी स्टार हेल्थ एंड एलाइज इंश्योरेंस कंपनी से करवा देते हैं। अगस्त 2023 से अगस्त 2024 की अवधि के लिए पॉलिसी स्टार ग्रुप हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी (गोल्ड बैंक कस्टमर के लिए) बीमित धनराशि सात लाख पचास हजार रुपये पॉलिसी जारी कर दी। इंश्योरेंस कंपनी ने हस्ताक्षर कराकर पुरानी बीमारी भी पहले की पॉलिसी की तरह इसमें ही कवर्ड रहने की जानकारी दी।
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उनका आरोप था कि उन्होंने इंश्योरेंस कंपनी से घुटनों में दर्द रहने की जानकारी दी। कंपनी ने पॉलिसी जारी करते समय कहा कि आपकी पॉलिसी साल 2002 से लगातार जारी है और पीएनबी मेट लाइफ सुपर सेवा प्लान स्कीम के तहत भी अनुबंधित तथा कवर्ड है। आवश्यकता पर आपका किसी भी अस्पताल में बीमारी होने पर कैशलेस इलाज करवा सकते हैं। स्वदेश गुप्ता ने घुटने का दर्द बढ़ने पर बीमा कंपनी के पैनल के कॉसमॉस अस्पताल चेकअप कराया। डॉ. ने घुटनों का प्रत्यारोपण करने को कहा। जिसके बाद इसकी सूचना प्री अस्पताल कैशलेस ट्रीटमेंट के लिए 28 नबंवर 2023 को इंश्योरेंस कंपनी को भेज दी गई लेकिन इंश्योरेंस कंपनी ने 1 दिसंबर 2023 को जवाब में कहा कि बीमारी पहले से ही इसलिए उनकी मेडिक्लेम पॉलिसी कवर्ड नहीं है।
जिसके बाद स्वदेश गुप्ता ने छह दिसंबर 2023 को कॉसमॉस हॉस्पिटल में भर्ती होकर घुटनों के प्रत्यारोपण के लिए सर्जरी करा ली। इलाज में दो लाख 90 हजार 926 रुपये खर्च हुए।
उन्होंने बीमारी संबंधी सभी रिकॉर्ड के साथ वांछित औपचारिकताएं पूरी करते हुए स्टार हेल्थ एंड एलाइज इंश्योरेंस कंपनी को भेज दी। जोकि कंपनी ने 24 जनवरी 2024 को मेडिक्लेम दावे को निरस्त कर दिया। जिसके बाद उन्होंने 31 जुलाई 2024 को उपभोक्ता अदालत में स्टार हेल्थ एलाइज इंश्योरेंस कंपनी से अपने इलाज पर खर्च हुए दो लाख 90 हजार 926 रुपये 12 प्रतिशत ब्याज तथा मानसिक पीड़ा एक लाख रुपये तथा वाद व्यय के रूप में 50 हजार रुपये दिलाने की मांग की थी।
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