मुरादाबाद। आधुनिक विधि से गन्ने के साथ सहफसली खेती करने वाले जिले के 40 किसानों को उत्तम गन्ना कृषक की उपाधि से नवाजा जाएगा। इन किसानों के खेत को आदर्श मॉडल खेत के रुप में प्रदर्शति किया जाएगा। पूरे प्रदेश में कुल 1555 किसानों को चुना गया है।
दरअसल गन्ना विभाग ने टैंच प्लाटिंग, सहफसली, ट्रेच मल्चिंग और ड्रिप सिचाई जैसी आधुनिक तकनीकों से गन्ने की खेती को बढ़ावा देने की कवायद शुरू की थी। इसका मकसद किसानों की लागत में कमी करने और आय दुगनी करने के साथ गन्ने की क्वालिटी बढने से मिलों की रिकवरी और उत्पादन बढ़ाना भी था। इस योजना को विभाग ने पंचामृत नाम दिया था।
इसके अंतर्गत गन्ना विभाग ने किसानों को प्रोत्साहित कर इस विधि से खेती कराई थी। जिला गन्नाधिकारी अजय सिंह ने बताया कि इस विधि से खेती करने वाले 1555 किसानों को जिले में चयनित किया गया है। जिन्हें उत्तम गन्ना कृषक की उपाधि दी जाएगी। इसके लिए उन्हें उत्तम गन्ना कृषक का प्रमाण पत्र दिया जाएगा। मुरादाबाद जिले में 40 किसानों का चयन हुआ है। अगवानपुर, ठाकुरद्वारा, बिलारी और बेलवाड़ा चार गन्ना विकास परिषद में 10-10 किसान शामिल हैं। इन किसानों के खतों को आधा हेक्टेयर में आर्दश मॉडल प्लाट बनाकर शरदकालीन बुवाई की जाएगी। इनके खेतों को मॉडल के रुप में लेकर अन्य किसानों को भी इनकी तरह खेती करने को प्रेरित किया जाएगा।
ठाकुरद्वारा गन्ना परिषद क्षेत्र में अर्जन सिंह निवासी शरीफ नगर, कुलदीप निवासी सुल्तानपुर खददर, श्योपाल निवासी सलारपुर, भोपाल निवासी चावड़, ध्यान सिंह निवासी नूरपुर, वीर सिंह निवासी सीतापुर, राजेंद्र सिंह निवासी तगाली, मुरारी सिंह निवासी मडैया घोंटा, गजेंद्र कुमार निवासी दारापुर रामानंद निवासी पीपली अहीर और राजपाल निवासी पानूवाला हैं। डीसीओ ने बताया कि बाकी तीन समितियों के किसानों के नाम की जानकारी बुधवार को संभव है।