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मिर्जापुर में दो ने की आत्महत्या: अवसाद से ग्रस्त अधिवक्ता ने बाथरूम में लगाई फांसी, पत्थर व्यापारी ने पारिवारिक विवाद में उठाया आत्मघाती कदम

Sat, 28 Aug 2021 10:29 PM IST
गीतार्जुन गौतम अमर उजाला नेटवर्क, मिर्जापुर

सार

कटरा कोतवाली क्षेत्र के शिवपुरी कॉलोनी निवासी अधिवक्ता काफी दिनों से अवसाद में चल रहे थे। शनिवार की सुबह सोकर उठने के बाद वो चाय पीकर बाथरूम गए। जहां आत्महत्या कर ली।
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अधिवक्ता आशीष पाठक (फाइल फोटो)। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मिर्जापुर जिले में अलग अलग स्थानों पर अधिवक्ता और पत्थर व्यापारी ने अज्ञात कारणों से फांसी लगाकर आत्महत्या की। परिवार के सदस्य दरवाजा तोड़ उन्हें उपचार के लिए अस्पताल ले गए। जहां परीक्षण के बाद डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। घटना से दोनों परिवारों में कोहराम मचा है। 

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कटरा कोतवाली क्षेत्र के शिवपुरी कॉलोनी निवासी आशीष पाठक उर्फ मोनू(35) पुत्र चतुर्भुज पाठक पेशे से अधिवक्ता हैं, साथ ही वो होटल भी चलाते हैं। दो भाइयों में छोटे आशीष के दो पुत्र हैं। परिवार के सदस्यों के अनुसार, आशीष काफी दिनों से अवसाद में चल रहे थे। शनिवार की सुबह सोकर उठने के बाद वो चाय पीकर बाथरूम गए। करीब आधे घंटे बाद जब उनके पिता लघु शंका के लिए बाथरूम में गए तो दरवाजा अंदर से बंद था।

इस दौरान उन्होंने दरवाजा खटखटाया और पूछा अंदर कौन है? इस पर आशीष की मां ने वहां पहुंचकर बताया कि आशीष काफी देर पहले बाथरूम गया था। घंटे भर बाद भी आशीष के बाहर न निकलने से परिवार के सदस्य चिंतित हो गए कि आखिर वह बोल भी नहीं रहा कहीं बेहोश आदि तो नहीं न हो गया। इस उठा पटक के बीच दरवाजा तोड़ा गया तो अंदर आशीष की लाश बाथरूम में लगे लोहे की पाइप से लटकी दिखी।

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परिवार के सदस्य आनन-फानन आशीष को उपचार के लिए अस्पताल ले गए। जहां परीक्षण के बाद डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया।

पारिवारिक विवाद में की आत्महत्या
इसी क्रम में मड़िहान, थाना क्षेत्र के दाढ़ीराम गांव निवासी और पत्थर व्यापारी वीर बहादुर सिंह(37) पुत्र स्व. महेंद्र प्रताप सिंह ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। वीर बहादुर के दो संतानें है। दो भाइयों में छोटे वीर बहादुर की शुक्रवार की रात किसी बात को लेकर परिवार में विवाद हुआ। इसके बाद वो सोने चले गए।

सुबह देर तक कमरे का दरवाजा नहीं खुला तो परिजनों को शक हुआ, इस दौरान परिजनों ने झरोखे से देखा तो उनकी लाश फंदे पर लटकी दिखी। परिवार के सदस्यों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। साथ ही दरवाजा तोड़कर शव को फंदे से उतर अस्पताल ले गए। जहां परीक्षण के बाद डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
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