कोविड-19 के चलते एक बार आनलाइन कक्षाएं बंद करने के बाद प्रदेश सरकार ने 20 मई से पुन: इसे शुरू कर दिया है। इससे उन हजारों बच्चों व उनके अभिभावकों को राहत मिली है जो अपनी पढ़ाई के पिछड़ जाने से चिंतित थे। उनका मानना है कि आनलाइन कक्षाएं पूरी तरह तो उपयोगी नहीं हैं लेकिन इससे काफी राहत जरूर मिलती है। कम से कम पठन-पाठन का एक माहौल तो जरूर बनता है।
अभी फिलहाल प्रदेश सरकार ने कक्षा नौ से कक्षा 12 तक की कक्षाओं को शुरू करने का निर्णय लिया है। उसका मानना है कि आनलाइन कक्षाएं चलाने में कोई हानि नहीं है। अध्यापक व बच्चे घर बैठे पठन- पाठन कर सकते हैं। इससे कम से कम पढ़ाई एक रूटीन में चलने लगेंगी। अभिभावकों को भी यह खुशी है कि बच्चा एक निश्चित समय कम से कम बैठकर पढ़ाई तो करेगा नहीं तो अभी पूरी तरह बच्चा खेलकूद अथवा मोबाइल व टीवी सेटों से ही चिपका रहता था। इससे वह कुछ तो पढ़ाई करेगा।