मिर्जापुर। महंगाई के चलते गरीबों की थाली से दाल और सब्जियां गायब हो रही हैं। वैश्विक महामारी के शुरुआती दौर से ही दाल, सरसों तेल और रिफाइंड तेल के बढ़े दाम कम होने का नाम नहीं ले रहे हैं। ऐसी खाद्य सामग्रियों पर छाई महंगाई से गरीबों का घर-परिवार चलाना मुश्किल हो रहा है।
बरसात के दिनों में आलू, प्याज को छोड़कर अन्य सब्जियों के दाम बढ़ गए हैं। इससे लोगों की चिंता बढ़ गई है। बात दलहन और तिलहन की करें तो अरहर दाल सौ रुपये के नीचे नहीं है। चना दाल 65, मसूर दाल 80, उरद दाल 95 और मूंग दाल सौ रुपये प्रति किलोग्राम बिक रही है। रिफाइंड तेल जहां 160 रुपये बिक रहा है तो वहीं सरसों तेल का भाव उतरने का नाम नहीं ले रहा है। दुकानों पर सरसों तेल 170 रुपये प्रति लीटर की दर पर बिक रहा है। सरसों तेल के नाम पर मिल पर भी ग्राहकों से लूट मची हुई है। शुद्ध सरसों तेल के नाम पर मिल पर 190 रुपये किलोग्राम का भाव लिया जा रहा है। आलू लाल 15, आलू सफेद 14, प्याज 26, टमाटर 30, बैगन 60, परवल 50 रुपये प्रति किलोग्राम बिक रहे हैं।