झांकी दर्शन के लिए कोतवाली मार्ग पर सुबह 6:05 बजे लगी भक्ताें की कतार, संवाद
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विंध्याचल। शारदीय नवरात्र के पहले दिन रविवार को मां विंध्यवासिनी के दरबार में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। भोर से ही दर्शन-पूजन के लिए मंदिर परिसर में कतारें लग गईं।
मंगला आरती और शृंगार के बाद मां के शैलपुत्री स्वरूप के दर्शन कर भक्त निहाल हो उठे। श्री विंध्य पंडा समाज के मंत्री भानू पाठक ने बताया कि सुबह से लेकर देर रात तक करीब पांच लाख से ज्यादा श्रद्धालुओं ने मां के दर्शन किए।
मंदिर परिसर से लेकर धाम की गलियों तक मां के जयकारे गूंजते रहे। श्रद्धालुओं ने माता के चरणों में शीश नवाकर परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की।
देश के विभिन्न हिस्सों से पहुंचे श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान के बाद मां विंध्यवासिनी के दरबार में मत्था टेका। घंटों कतार में खड़े रहने के बाद भक्तों को दर्शन मिल सके। घंटा-घड़ियाल, शंख और नगाड़ों की गूंज के बीच जय माता दी के उद्घोष से पूरा विंध्य धाम भक्तिमय रहा।
दोपहर में दर्शनार्थियों की भीड़ बढ़ गई। महिला, पुरुष और बच्चे मां विंध्यवासिनी के एक झलक पाने के लिए आतुर दिखे।