मौत की सूचना मिलते ही रोते बिलखते परिजन पोस्टमार्टम के बाद युवक के शव को लेने के लिए प्रयागराज रवाना हो गए हैं । परिजनों ने बताया कि युवक राम लीला मंडली का कुशल कलाकार था। युवक कई वर्षों से रामलीला मंडली में अपने कला का प्रदर्शन कर रहा था। वह अपने मुंह से विभिन्न पशु पक्षियों की हूबहू आवाज निकालने में भी काफी निपुण था।
मृत युवक के पिता अयोध्या भट्ट मड़वा धनावल पहाड़ पर स्थित मां चंलगा देवी मंदिर के पुजारी हैं। युवक तीन भाइयों में सबसे छोटा था। मृत युवक के एक पुत्र व दो पुत्री हैं। पत्नी सुमन का रो-रोकर बुरा हाल है। संतोष भट्ट की असामयिक निधन से परिजनों के साथ-साथ गांव के लोग भी शोकाकुल हैं।