मड़िहान। सरकार की तरफ से उन किसानों को चिह्नित किया जा रहा है जिन्होंने लाखों का धान बेचा और उनके नाम राशन कार्ड है। शासन द्वारा भेजी गई धान विक्रेताओं की सूची में अंत्योदय कार्डधारकों का नाम है। अब कार्डधारक शपथपत्र देकर धान न बेचने व निर्दोष होने की दुहाई दे रहे हैं।
फिलहाल आपूर्ति विभाग से निरीक्षक विनोद कुमार तिवारी को जांच का जिम्मा सौंपा गया है। तहसील अंतर्गत विकासखंड राजगढ़ में 152 तथा पटेहरा क्षेत्र में 77 कार्ड धारक चिह्नित किए गए हैं। आपूर्ति विभाग की जांच से क्षेत्र में हड़कंप मचा है। अंत्योदय व पात्र गृहस्थी कार्ड धारक के नाम से पोर्टल पंजीकरण कराया गया। बैंक में खाता खोलकर धान का पैसा भी निकल गया। इसके बाद बैंक में खाता भी बंद कर दिया गया। फर्जी खतौनी व रजिस्ट्रेशन पर धान बेचने वालों में पड़रिया कला में सविता, उर्मिला, चंद्रबली, रामधारी, नीतू, कलावती आदि का नाम आया है। इस संबंध में जांच अधिकारी आपूर्ति निरीक्षक विनोद कुमार तिवारी ने बताया कि खाता बंद होने से निष्पक्ष जांच में कठिनाई हो रही है।