इसके अलावा वाराणसी और झांसी में एटीएस इकाई की स्थापना के लिए जल्द भूमि आवंटन की उम्मीद है। जबकि एटीएस को और अधिक प्रभावशाली बनाने के लिए भारत-नेपाल सीमा पर बहराइच और श्रावस्ती में स्थापित एटीएस की नई फील्ड यूनिट काम कर रही है।
एनएसजी की तरह खतरनाक ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए प्रदेश में एटीएस के विशेष पुलिस संचालन दल (स्पॉट) का गठन वर्ष 2017 में किया गया था। बीएसएफ, सीआरपीएफ, सीआईएसएफ, आईटीबीपी के विशेषज्ञों द्वारा स्पॉट कर्मियों को प्रशिक्षण दिलाया जाता है। वर्तमान में स्पॉट की पांच टीमें तैयार हैं और दो टीमें प्रशिक्षण ले रही हैं। वहीं दो अन्य टीमों के लिे कार्यवाही चल रही है। इसके लिए अलावा यूपी पुलिस की पहली स्नाइपर टीम की चार टोलियां भी तैयार की गई है, जिसे एनएसजी ने प्रशिक्षित किया है।