पहाड़ों पर हो रही लगातार बारिश के कारण सहारनपुर में नदियां उफान पर हैं। यमुना में उफान के चलते जिले के खादर क्षेत्रों में भूमि कटान शुरू हो गया है। कई गांव के संपर्क मार्गों पर भी पानी भर गया है। वहीं भूमि कटान से किसानों की फसलें बर्बाद हो रही है।
उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में यमुना नदी में आए उफान के कारण नदी पार बसे ग्राम ढिक्का टपरी के संपर्क मार्ग सहित हजारों बीघा कृषि भूमि का कटान हो गया। इस कारण किसानों की काफी फसल बर्बाद हो गई। ग्रामीणों ने प्रशासन से मदद करने तथा संपर्क मार्ग बनवाने की गुहार लगाई है।
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पहाड़ों पर हो रही लगातार बरसात का असर अब मैदानी क्षेत्र में भी हो रहा है। दरअसल हथिनी कुंड बैराज पर पानी का भारी जमाव हो गया। बैराज पर जमा पानी की स्थिति को देखते हुए जल प्रबंधन संस्था द्वारा नियमित रूप से यमुना नदी में पानी छोड़ा जाता रहा।
जैसे ही यमुना नदी में छोड़ा गया पानी सरसावा क्षेत्र में पहुंचा तो नदी की एक धार ने अपनी दिशा बदल ली तथा पानी का तेज बहाव हरियाणा राज्य में स्थित उत्तर प्रदेश के राजस्व गांव ढिक्का टपरी की तरफ हो गया।
तेज बहाव के चलते ढिक्का गांव की यमुना किनारे स्थित हजारों बीघा जमीन गन्ने तथा पापुलर की फसल समेत यमुना नदी में समा गई। कटाव की ताकत का इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि गांव को जोड़ने वाला संपर्क मार्ग भी पूरी तरह से लेकर यमुना नदी में विलीन हो गया। इससे ग्रामीणों के सामने खेतों तक जाने का भारी संकट खड़ा हो गया है।