फर्जी फाइनेंस कंपनी चलाने के आरोप में पकड़े गए आराेपी।
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बिना रजिस्ट्रेशन के फाइनेंस कंपनी खोलकर लोन के नाम पर लाखों रुपये की ठगी कर चुके दो आरोपियों को साइबर सेल ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने कंपनी के ऑफिस से भारी संख्या में लोन संबंधी कागजात, अन्य फार्म बरामद किए हैं। यह गिरोह सौ से अधिक लोगों से लाखों की ठगी कर चुका है।
साइबर सेल के प्रभारी कर्मवीर सिंह ने बताया कि मेडिकल थाना क्षेत्र के मंगलपांडे नगर में रामा ग्रुप सोल्यूशन प्राईवेट लिमिटेड के नाम से वेबसाइट बनाकर पर्सनल लोन व प्रॉपर्टी लोन, प्रोजेक्ट लोन और एजूकेशन लोन के नाम पर मेरठ, गाजियाबाद, बुलंदशहर, नोएडा, हरियाणा, राजस्थान के लोगों के साथ धोखाधड़ी करते थे। बीस लाख रुपये तक लोन दिलाने के नाम पर पांच से दस प्रतिशत राशि को बैंक खाते में डलवा लेते थे। फाइल चार्ज पर भी चार से दस हजार रुपये तक लेते थे। बाद में फाइल के कागजों में कमी बताकर कैंसिल कर देते थे। पीड़ित का न तो लोन कराया जाता, न ही पैसे वापस किए जाते। शिकायत पर साइबर सेल ने रजिस्ट्रेशन के बारे में जानकारी की तो पता चला कि फर्जी तरह से फाइनेंस कंपनी चलाई जा रही थी। इस मामले में कंपनी के संचालक सहलब उर्फ आर्यन पुत्र अफसर अली निवासी सलाहपुर थाना रोहटा हाल पता समर गार्डन लिसाड़ी गेट और अमृत पाल सिंह उर्फ अमित पुत्र सुरेंद्र निवासी कृष्णानगर पर मेडिकल थाने में रिपोर्ट दर्ज की गई है। आरोपी सहलब ने बताया कि वह अपने साथी वकार उर्फ विजय त्यागी, जीशान और अन्य युवकों के साथ मिलकर शुभ बिजनेस सोल्यूशन व साईं बिजनेस सोल्यूशन के नाम भी कंपनी चला चुके हैं। बाद में फाइनेंस कंपनी का नाम बदलकर दूसरे स्थान पर ऑफिस खोल लेते थे।