युवती ने दरोगा के खिलाफ सौंपे सबूत
मेरठ। दरोगा पर दुष्कर्म का मुकदमा कराने वाली युवती ब्लैकमेलिंग के आरोपों से घिरने के बाद सोमवार को एसएसपी से मिली। पुलिस आफिस पहुंची युवती ने व्हाट्सएप चैट से जुड़े कुछ सुबूत अफसरों को सौंपकर बताया कि दरोगा ही उसे ब्लैकमेल करता था।
ब्रह्मपुरी थाना क्षेत्र की युवती ने कुछ दिन पहले हस्तिनापुर में तैनात दरोगा अरुण कुमार पर दुष्कर्म करने का आरोप लगाया था। एसएसपी के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया गया था। अगले दिन ही दरोगा की पत्नी आरती दिवाकर ने प्रेसवार्ता कर पति पर लगे आरोप झूठे बता दिए। वह अफसरों से मिली, जिसके बाद आरती की तहरीर पर युवती के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत हो गया।
सोमवार को एसएसपी प्रभाकर चौधरी से मिलकर युवती ने बताया कि दरोगा पर मुकदमा दर्ज होने के बाद उसके परिजन समझौते का दबाव बना रहे हैं। फोन पर धमकी दी जा रही है कि मुकदमा वापस नहीं लिया तो किसी और मामले में फंसाकर जेल भिजवा देंगे। उसने अफसरों को व्हाट्सएप चैट भी दिखाई, जिसमें दरोगा द्वारा 6 अगस्त 2020 को 10 हजार, 14 अगस्त को 20 हजार, आठ नवंबर को 10 हजार रुपये मांगे गए थे। यह भी बताया कि इस वर्ष 26 अगस्त को 50 हजार रुपये व श्राद्ध के दौरान अपनी मां के इलाज के नाम पर 70 हजार रुपये दरोगा उससे ले चुका है। एसएसपी ने युवती को न्यायोचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया है।