मेरठ। आगामी पेराई सत्र 2019-20 के लिए गन्ना सुरक्षण बैठकों की घोषणा हो गई है। मेरठ मंडल की सुरक्षण बैठक 14 सितंबर को लखनऊ स्थित लाल बहादुर शास्त्री गन्ना किसान संस्थान डालीबाग में होगी। हालांकि किसानों ने बैठक लखनऊ में होने पर विरोध जताया है। उनका कहना है कि सुरक्षण बैठक मंडल स्तर पर होनी चाहिए, ताकि बैठक में किसान अपना पक्ष रख सकें। लखनऊ बैठक में चुनिंदा किसान ही जा पाते हैं। संयुक्त गन्ना आयुक्त विश्वेश कनौजिया ने बताया कि गन्ना पेराई सत्र 2019-20 की सुरक्षण बैठक 12 सितंबर को सहारनपुर मंडल से शुरू हो रही है। इसके बाद 14 सितंबर को मेरठ मंडल की बैठक होगी। सुरक्षण बैठक की जानकारी भी सभी उप गन्ना आयुक्त कार्यालयों और शुगर मिलों को भेज दी गई है।
मंडल पर बैठक करने की मांग फिर उठी
गन्ना सुरक्षण बैठक पहले मंडल स्तर पर कराई जाती थी। इस बैठक में किसान अपनी समस्याएं रखते थे। अधिकारी समाधान का प्रयास कराते थे। लेकिन कई साल से गन्ना सुरक्षण बैठक लखनऊ में हो रही है। इस बैठक में गन्ना राजनीति से जुड़े कुछ किसान और मिल प्रतिनिधि ही जा पाते हैं। आम किसान अपनी बात कहने से वंचित हो जाता है। प्रदेश संगठन महासचिव डॉ. राजकुमार सांगवान का कहना है कि विपक्ष में बैठकर भाजपा विधायक के तौर पर गन्ना मंत्री सुरेश राणा सुरक्षण बैठक मंडल स्तर पर करने की मांग किया करते थे। लेकिन पिछले तीन पेराई सत्र से वे गन्ना मंत्री हैं और बैठक लखनऊ में हो रही है। कोई भी पार्टी या नेता किसानों के साथ नहीं खड़ा है। रालोद इसकी कड़ी आलोचना करता है।