मेरठ। यात्रियों को सुरक्षित सफर का विश्वास देने वाली रैपिड रेल एक किमी टेस्टिंग ट्रैक पर दुहाई डिपो में चलेगी। इसके लिए ट्रैक बनाया जा रहा है। पहले चरण में वर्ष-2023 में साहिबाबाद से दुहाई तक 17 किमी में रैपिड रेल का संचालन शुरू हो जाएगा। इसी को देखते हुए ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे के पास दुहाई डिपो का कार्य शुरू हो गया है। इस डिपो में कई तकनीकी व्यवस्थाएं तैयार की जा रही हैं। किसी भी तकनीकी खराबी को डिपो में सुधारा जा सकेगा। मेरठ में मोदीपुरम में भी रैपिड रेल के लिए डिपो बनाया जाएगा।
दुुहाई डिपो में वॉशिंग लाइन, यार्ड, एडमिन बिल्डिंग आदि के लिए निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया है। इसी स्थान पर ट्रेनों की मरम्मत की जाएगी। 82 किमी के सफर में दो डिपो तैयार किए जाएंगे। रैपिड रेल के लिए सभी कार्य तेज गति से किए जा रह हैं। जिससे तय समय पर ही ट्रेन का संचालन किया जा सके। इसके लिए केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय के सचिव और एनसीआरटीसी एमडी नजर बनाए हुए हैं। रोजाना किए गए कार्यों की समीक्षा की जाती है। इसके बाद टाइमलाइन तय कर सभी कार्य किए जा रहे हैं।
शहर में तेज हुआ कार्य
रैपिड रेल के लिए मेरठ शहर में कार्य को तेज कर दिया गया है। तीन भूमिगत स्टेशनों पर कार्य शुरू कर दिया गया है। अगले एक महीने में सभी कार्य धरातल पर आ जाएंगे। इन कार्यों की निगरानी के लिए क्लॉक टावर भी बनाए जा रहे हैं। जिससे दूर से ही कार्य की गति को देखा जा सके। मेरठ में मेट्रो प्लाजा के पास मेरठ सेंट्रल, भैसाली और बेगमपुल स्टेेशन बनाया जाएगा। इन तीनों पर ही कार्य शुरू कर दिया गया है।
जंगपुरा में यार्ड बनाने की तैयारी
रैपिड रेल ट्रैक का इस्तेमाल फ्रेट कॉरिडोर में भी उपयोग किया जाएगा। इसके लिए भी प्राथमिक चरण में तैयारियों को किया जा रहा है। एनसीआरटीसी का स्थायी कार्यालय भी यहां बनाने की तैयारी है। इस यार्ड में दिल्ली से मेरठ, पानीपत तक जाने वाले सामान, कुरियर आदि को रैपिड रेल कॉरिडोर से भेजा जाएगा।