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हत्यारोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने पर थाने में हंगामा

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हत्यारोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने पर थाने में हंगामा
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नितिन हत्याकांड : तीन दिन में नामजद आरोपियों को पकड़ने का दिया अल्टीमेटम
संवाद न्यूज एजेंसी
बहसूमा। नितिन हत्याकांड के हत्यारोपी नहीं पकड़े जाने पर सोमवार को परिजनों ने भाजपा नेता मुखिया गुर्जर के नेतृत्व में थाने पर हंगामा किया। उन्होंने पुलिस को तीन दिन में आरोपी गिरफ्तार करने का अल्टीमेटम दिया।
बीती 31 मार्च को कस्बे के नवजीवन इंटर कालेज के मुख्य गेट पर अकबरपुर सादात निवासी कक्षा नौ के छात्र नितिन की सहपाठी ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। नितिन के पिता रोहताश ने दो नाबालिग आरोपी और चार अज्ञात के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने अभी तक मुख्य आरोपी को ही गिरफ्तार किया है। सोमवार को नितिन के परिजन व ग्रामीणों ने थाने का घेराव किया। ग्रामीणो ने नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। सूचना पर भाजपा नेता मुखिया गुर्जर थाने पहुंचे। थानाध्यक्ष मुकेश कुमार ने अब तक की कार्रवाई की जानकारी दी।
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मुखिया गुर्जर ने कहा कि नितिन के हत्यारोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी की जाए। इंस्पेक्टर ने तीन दिन में आरोपियों को गिरफ्तार करने का आश्वासन दिया। मुखिया ने कहा कि तीन दिन में गिरफ्तारी नही हुई तो वे उच्चाधिकारियों से वार्ता करेंगे।
एक माह बाद भी पुलिस पकड़ से दूर हत्यारोपी
- एक माह पूर्व हाजीपुर निवासी एक व्यक्ति का ईदगाह के पास मिला था शव
खरखौदा। एक माह पूर्व हाजीपुर निवासी एक व्यक्ति के मिले शव के मामले में पुलिस अभी तक खाली हाथ है। मामले में पीड़ित पक्ष ने गाजियाबाद के थाना मसूरी क्षेत्र के तीन लोगों को हत्या में नामजद किया था, पुलिस अभी तक आरोपियों को गिरफ्तार नहीं कर सकी है।
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क्षेत्र के गांव हाजीपुर निवासी आमीन उर्फ यामीन पुत्र बख्शी 13 मार्च की शाम को घर से निकला था, लेकिन वह घर नहीं लौटा। अगले दिन परिजनों ने उसकी खोजबीन शुरू की। एक सप्ताह बाद यामीन की मां खोजबीन के लिए जंगल में निकली थी। जैसे ही वह गांव के बाहर बने ईदगाह के पास पहुंची तो खाली प्लॉट में अधजली व गली सड़ी हालत में यामीन का शव मिट्टी व कूड़े के ढेर में दबा मिला था। बाद में मृतक के पिता ने मामला रंजिशन बताते हुए गाजियाबाद के थाना मसूरी निवासी आजाद, शौकीन व लछिया निवासी गण मसूरी थाना मसूरी को हत्या में नामजद किया था। एक माह बाद भी पुलिस हत्यारोपियों को नहीं पकड़ सकी। इस मामले में पुलिस ने कई लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में भी ले लिया था। पीड़ित पक्ष थाने में अधिकारियों के चक्कर काट रहे हैं।
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