अब रूबी के शव की तलाश नहीं करेगी पुलिस
सरधना। नगर निवासी ज्वैलर्स एवं कवि दीपक निराला की पत्नी के शव की तलाश अब पुलिस ने बंद कर दी है। पुलिस विवेचना पूरी होने तक नामजद अन्य चार आरोपियों की गिरफ्तारी से भी इनकार कर दिया है। विवेचना में दोषी पाए जाने पर ही उनकी गिरफ्तारी होगी।
लखनऊ निवासी रूबी की शादी चार साल पहले सरधना के छावनी मोहल्ला निवासी ज्वैलर्स एवं कवि दीपक निराला के साथ हुई थी। दीपक ने रूबी की हत्या मामले में खुद को बचाने के लिए मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत करते हुए बताया कि था कि उसकी पत्नी रूबी की बीमारी के चलते ऋषिकेश में मौत हो गई और वहीं पर शव का अंतिम संस्कार कर दिया। डेढ़ माह पूर्व रूबी के परिजनों ने दीपक के खिलाफ उसकी हत्या करने का मुकदमा दर्ज कराया था। दीपक पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ा, लेकिन उसने सरेंडर किया। दीपक ने पुलिस के सामने रूबी की हत्या कर शव गंगनहर में बहाना स्वीकार किया, लेकिन शव बरामद नहीं हो सका। पांच नामजद हत्यारोपियों में से मात्र दीपक को जेल भेजकर पुलिस फाइल को बंद कर दिया।
दीपक के मकान के पीछे दो संदिग्ध गड्ढे खुदे मिले। पुलिस ने इन गड्ढों की जांच कराने की कही। लेकिन अब सीओ ने गड्ढों की जांच करने से इनकार कर दिया। साथ ही मुकदमे की विवेचना के चलते जांच पूरी होने तक अन्य चार हत्यारोपियों की गिरफ्तारी से भी इनकार कर दिया है। विवेचना में दोषी मिलने पर ही गिरफ्तारी कराने की बात कही है।
गड्ढों की जांच की मांग करेंगे
लखनऊ निवासी मृतका रूबी के पिता रामचंद्र का कहना है कि पुलिस संदिग्ध गड्ढों की जांच करे। हो सकता है कि जेल जाते समय दीपक ने पुलिस को पूरा सच न बताया हो। गंगनहर में शव डालने की बात ठीक उस तरह से है, जैसे उसने पहले रूबी की बीमारी के चलते ऋषिकेेश में मौत होने और वहीं पर अंतिम संस्कार करने की कही थी। गंगनहर में शव बहाने की बात पर पुलिस क्यों इतने भरोसे से विश्वास कर रही है। इस संबंध में पुलिस अधिकारियों से बात कर कब्रिस्तान के संदिग्ध गड्ढों की जांच की मांग करेंगे।