नेवी में छह महीने की ट्रेनिंग के बाद घर लौटे 22 वर्षीय युवक ने संदिग्ध परिस्थितियों में ट्रेन के आगे कूदकर जान दे दी। युवक मेरठ के धंजू गांव का निवासी हरि दर्शन का बेटा था।
नेवी में छह महीने की ट्रेनिंग के बाद आए युवक मृगांश (22) ने संदिग्ध परिस्थितियों में ट्रेन के आगे कूदकर जान दे दी। उसका शव पावली खास स्टेशन के पास रेलवे ट्रैक पर पड़ा मिला। जीआरपी ने मृतक की पहचान कर परिजनों को जानकारी दी। दो दिन पहले ही युवक ने मां को फोन किया था और कहा था कि वह मुंबई में है। फिलहाल पारिवारिक विवाद को घटना का कारण माना जा रहा है। पुलिस जांच कर रही है।
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मृगांश धंजू गांव का निवासी हरि दर्शन का बेटा था। बताया जा रहा है कि छह महीने की ट्रेनिंग पूरी करके वह यहां पहुंचा। उसे 10 अप्रैल को फिर से जाना था। चार दिन पहले ही वह घर से गया था। दो दिन पहले ही मां के पास फोन कर बताया कि वह मुंबई में है।
रविवार रात दो बजे जीआरपी की ओर से पिता को उसका शव मिलने की सूचना दी गई है। पहले कंकरखेड़ा पुलिस ने पहुंची, बाद में जीआरपी ने पहुंचकर मृतक की पहचान कर परिजनों को सूचना दी। जीआरपी ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
उसकी जेब से पिता का एटीएम कार्ड, तीन रुपये और पैन कार्ड मिला है। परिजनों का कहना है कि उन्हें समझ नहीं आ रहा है कि मृगांश ने यह कदम क्यों उठाया। सोमवार शाम उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया। अब तक परिवार की ओर से कोई तहरीर नहीं दी गई।