फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सेना की वर्दी में ठगी: फर्जी कर्नल अरेस्ट, कई राज्यों के युवाओं को बना चुका था शिकार, पूछताछ में खोले बड़े राज

Mon, 11 Sep 2023 10:45 PM IST
कपिल kapil अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ

सार

Meerut News : मेरठ एसटीएफ की टीम ने फर्जी कर्नल को दबोचा है। आरोपी ने पूछताछ में बड़े राज खोले हैं। जानिए ये फर्जी कर्नल कैसे युवाओं को अपना शिकार बनाता था।
विज्ञापन
मेरठ में फर्जी कर्नल गिरफ्तार। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सेना में भर्ती कराने के नाम पर युवाओं को ठगने वाले फर्जी कर्नल को एसटीएफ मेरठ फील्ड यूनिट ने मिलिट्री इंटेलीजेंस के इनपुट पर गिरफ्तार कर लिया। आरोपी सत्यपाल सिंह यादव सेना में चालक पद से रिटायर्ड है। वह कर्नल डीएस चौहान के नाम की प्लेट लगाकर युवाओं को अपने जाल में फंसाता था। आरोपी के पास से पांच ज्वाइनिंग लेटर, पांच स्टांप, एक प्रिंटर, एक कर्नल की वर्दी और एक फर्जी पहचान पत्र बरामद हुआ है। वह कई राज्यों के युवाओं से करोड़ों रुपये की ठगी कर चुका है। आरोपी के खिलाफ गंगानगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।

विज्ञापन


एसटीएफ के एसपी बृजेश सिंह ने बताया कि गंगानगर के कसेरूबक्सर का रहने वाला सत्यपाल सिंह यादव पुत्र करण सिंह सेना में चालक पद से रिटायर हुआ था। वह पुणे में तैनात कर्नल डीएस चौहान की गाड़ी चलाता था। रिटायर होने के बाद सत्यपाल सिंह ने कर्नल डीएस चौहान के नाम की प्लेट बनवाई। कर्नल की वर्दी पहनकर एक फर्जी फोटो आईडी भी तैयार कर ली।

इसके बाद उसने सेना में भर्ती होने के इच्छुक युवाओं का ठगना शुरू कर दिया। खुद का नाम कर्नल डीएस चौहान बताकर अपनी पोस्टिंग पुणे में बताता था। इतना ही नहीं आरोपी ने बहुत से युवाओं से मोटी रकम लेकर उनको फर्जी नियुक्ति पत्र भी दे दिए। पिछले सात साल में उसने बहुत से युवाओं से ठगी करके करोड़ों रुपये की रकम हड़प कर ली। शिकायत पर एसटीएफ और मिलिट्री इंटेलीजेंस सत्यपाल सिंह के पीछे लगी थी।

वहीं, सोमवार को साक्ष्य मिलने के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। सत्यपाल सिंह के घर से कई बैंकों की चेकबुक मिली हैं। कर्नल डीएस चौहान नाम का फर्जी परिचय पत्र भी बरामद हुआ है। आरोपी से पुलिस पूछताछ कर रही है।

यह भी पढ़ें: रईसजादों की हाईवे पर बर्थडे पार्टी: लाल-नीली बत्ती वाली कारों से किए स्टंट, लोगों से मारपीट, सोती रही पुलिस
विज्ञापन

आरोपी ने बताया कि इन वर्षों में उसने यूपी, उत्तराखंड, हरियाणा, पंजाब आदि राज्यों के सैकड़ों युवाओं के साथ ठगी। पुलिस की पूछताछ में पता चला कि सत्यपाल का बेटा रजत उर्फ देवेंद्र अपने लैपटॉप पर टाइप करके फर्जी ज्वानिंग लेटर का प्रिंट निकालता था, फिर उन लेटर को लेटर विभिन्न जगहों से स्पीड पोस्ट करता था।

यह भी पढ़ें: UP: टिकैत बोले- लखनऊ की महापंचायत में सरकार को ताकत दिखाएंगे किसान, मृतक के परिवार को दी सांत्वना
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें