एसएसपी रोहित सिंह सजवाण ने इन सबका डाटा तैयार करने के लिए कहा है। वहीं, अब तक यह जानकारी नहीं हो पाई है कि रंगदारी सनी काकरान ने मांगी या किसी दूसरे से फोन कराया गया। जिस मोबाइल से रंगदारी मांगी गई थी, वह तिहाड़ जेल के भीतर चल रहा था या बाहर।
अगर मोबाइल जेल से इस्तेमाल किया गया तो वह सनी काकरान ने ही किया। अगर बाहर से किया गया तो फिर उसे सनी का कोई दूसरा गुर्गा चला रहा था। सर्विलांस टीम इस बात की जानकारी जुटा रही है।
मुजफ्फरनगर जेल में हुई थी सनी से मुलाकात, पैरवी को मांगी रंगदारी
पुलिस के मुताबिक मुठभेड़ में गिरफ्तार सादमान की मुलाकात सनी काकरान से 2018 में मुजफ्फरनगर जेल में हुई थी। इसके बाद से ही वह सनी काकरान के संपर्क में था। सादमान ने पुलिस को बताया कि सनी और अतुल पर जो मुकदमे दर्ज हैं, उनमें से कई ट्रायल पर हैं। ऐसे में मुकदमों की पैरवी के लिए उन्हें पैसों की जरूरत थी। इसी वजह से रंगदारी मांगी गई।