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आवास विकास और किसानों में रार: हवा में काटे प्लॉट, 500 आवंटियों को छत का इंतजार, ट्रैक्टर लेकर सात सैक्टर की जमीन जोतने पहुंचे गुस्साए किसान 

Wed, 27 Oct 2021 01:13 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ

सार

मेरठ के जागृति विहार एक्सटेंशन योजना में 500 आवंटियों को अपने प्लॉट का इंतजार है। आवास विकास ने किसानों से जमीन पर कब्जा नहीं लिया और आवंटन कर दिया। वहीं इस योजना से 300 किसान प्रभावित हैं। उनका कहना है कि जब तक पूरा मुआवजा नहीं तब तक भूमि पर कब्जा नहीं होने देंगे। आज दर्जनों किसान ट्रैक्टर लेकर भूमि को जोतने के लिए पहुंच गए।
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ट्रैक्टर लेकर जमीन जोतने पहुंचे किसान - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मेरठ के किनानगर निवासी बुद्धप्रकाश को 2019 में आवास विकास की जागृति विहार एक्सटेंशन योजना में 128 वर्ग मीटर का प्लॉट आवंटित हुआ। उन्होंने पूरे 19 लाख रुपये जमा कर दिए, लेकिन यहां प्लॉट ढूंढे नहीं मिल रहा है। प्लॉट की जमीन पर किसानों का कब्जा है और वहां फसल लहलहा रही है। जागृति विहार एक्सटेंशन योजना में 300 किसान प्रभावित हैं। उनका कहना है कि जब तक पूरा मुआवजा नहीं तब तक भूमि पर कब्जा नहीं होने देंगे। आज दर्जनों किसान ट्रैक्टर लेकर सात सैक्टर की भूमि को जोतने के लिए पहुंच गए। 
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बुद्धप्रकाश अकेले नहीं हैं। उनके जैसे 500 लोग हैं जो जिंदगीभर की कमाई प्लॉट खरीदने में लगाने के बाद भी आवास विकास दफ्तर के चक्कर काट रहे हैं। गढ़ रोड निवासी सुरेश चंद शर्मा को भी सेक्टर पांच में 128 वर्ग मीटर का प्लॉट आवंटित हुआ। तीस लाख चुकाने के बाद भी घर का सपना साकार नहीं हो सका।  

पैसे वसूलकर भूले अधिकारी
आवास विकास ने किसानों से जमीन पर कब्जा नहीं लिया और आवंटन कर दिया। आवंटियों से पैसा भी वसूल कर लिया पर दो साल में भी कब्जा नहीं दिला सका। पीड़ितों का कहना है कि आवास विकास ने दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे के पांचवें चरण से करीबी, इनर रिंग रोड के ख्वाब दिखाकर रेट वसूले, लेकिन कब्जा नहीं दिया। 
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300 किसानों से है विवाद 
जागृति विहार एक्सटेंशन योजना में 300 किसान प्रभावित हैं। इसमें सरायकाजी और काजीपुर के किसान शामिल हैं। एक्सटेंशन में फ्लैट, भवन, प्लॉट, एजुकेशनल प्लॉट निकाले गए हैं। योजना में आवासीय स्तर की सुविधा देने के लिए सड़क, पानी, बिजली आदि कार्य किसानों के विरोध की वजह से रुके हुए हैं। मेरठ पब्लिक स्कूल को भी अपनी जमीन पर कब्जा नहीं मिल सका है।

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पूरा पैसा नहीं तो, कब्जा नहीं 
जब तक पूरा मुआवजा और विकसित भूखंड नहीं मिलेंगे हम जमीन पर कब्जा नहीं देंगे। तीन महीने से हम बैठे हैं, सिर्फ आश्वासन मिल रहे हैं। - धर्मपाल सिंह, अध्यक्ष, अर्जित भूमि किसान संगठन

सिर्फ आश्वासन मिला
कई बार अधिकारियों और विधायक ने आश्वासन देकर हमें चुप करा दिया। अब हम खेतों की बुवाई करेंगे। - बिल्लू, किसान

आज सभी 7 सेक्टरों में चलाएंगे ट्रैक्टर
किसानों का कहना है कि आवास विकास ने उन्हें उचित मुआवजा नहीं दिया। तय हुआ कि छह प्रतिशत विकसित भूखंड किसानों को दिए जाएंगे। आवास विकास अब पांच प्रतिशत कह रहा है। न ही 666 रुपये प्रति वर्ग मीटर के हिसाब से बढ़ा मुआवजा दिया जा रहा है। किसानों ने मंगलवार को एलान कर दिया कि अब वह सभी सात सेक्टरों की जमीन ट्रैक्टर चलाकर जोतेंगे। इसके बाद बुधवार सुबह किसान ट्रैक्टर और टिलर लेकर भूमि को जोतने पहुंच गए। 

कर रहे हैं बात 
हम कई बार आवास आयुक्त से किसानों के संबंध में वार्ता कर चुके हैं। किसानों को भी बुलाकर वार्ता की गई। पूरा मामला शासन में विचाराधीन है।  दक्षिण विधायक डा.सोमेंद्र तोमर ने भी दो बार आवास आयुक्त से किसानों की समस्याओं पर वार्ता की है।  - एमबी कौशिक, अधिशासी अभियंता, आवास-विकास परिषद
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