मेरठ के गंगानगर निवासी विशाल शुक्रवार को अपने परिवार के साथ सरधना पुल पर गणपति विसर्जन के लिए आए थे। विसर्जन के दौरान अचानक से विशाल की बेटी काव्य का पैर फिसल गया और वह गंग नहर में गिर गई। बेटी को बचाने के लिए विशाल ने भी गंग नहर में छलांग लगा दी।
शुक्रवार की रात सरधना पुल पर गणपति विसर्जन करने आई एक बच्ची का अचानक से पैर फिसल गया और गंग नहर में गिर गई। उसे बचाने के लिए पिता भी गंग नहर में कूद पड़ा कुछ ही सेकंड में बाप-बेटी दोनों ही गंग नहर में समा गए। जिसके बाद पीएसी के गोताखोरों ने उन्हें काफी तलाश किया लेकिन कुछ पता नहीं चल सका। वहीं, दोनों के डूबने से उनके परिजनों में कोहराम मच गया शनिवार को भी परिजन गंग नहर पर डटे रहे।
विज्ञापन
मिली जानकारी के अनुसार, मेरठ के गंगानगर निवासी विशाल शुक्रवार को अपने परिवार के साथ सरधना पुल पर गणपति विसर्जन के लिए आए थे। विसर्जन के दौरान अचानक से विशाल की पुत्री काव्य का पैर फिसल गया और वह गंग नहर में गिर गई। बेटी को बचाने के लिए विशाल ने भी गंग नहर में छलांग लगा दी।
कुछ ही सेकंड में दोनों में गंग नहर में समा गए। यह देख वहां मौजूद लोगों में हड़कंप मच गया पुल पर तैनात पीएसी के गोताखोरों ने उन्हें बचाने की कोशिश की लेकिन सफलता नहीं मिल सकी। शनिवार को भी परिजन गंग नहर पर डटे रहे मगध दोपहर तक उन्हें गोताखोर नहीं मिल सके जिससे परिजनों में नाराजगी देखने को मिली।