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पीएम-सीएम के पुतले जलाने पर अड़े किसान: भाकियू कार्यकर्ताओं की पुलिस से नोकझोंक, कई नजरबंद, टकराव के आसार

Sat, 16 Oct 2021 11:52 AM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ

सार

शनिवार सुबह मेरठ के हस्तिनापुर में भारतीय किसान यूनियन के पदाधिकारियों ने केंद्र सरकार का पुतला फूंकने की कोशिश की, जिस पर पुलिस ने मौक पर पहुंचकर भाकियू कार्यकर्ताओं से पुतला छीनकर अलग किया। पश्चिमी यूपी में कई किसान नेताओं को नजरबंद किया गया है। 
पुलिस प्रशासन सुबह से ही अलर्ट मोड पर है।
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meerut police - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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लखीमपुर खीरी प्रकरण में केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी को मंत्रिमंडल से नहीं हटाने से नाराज किसानों ने आज पीएम मोदी, सीएम योगी आदित्यनाथ, गृह मंत्री अमित शाह, गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी और कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर के पुतले जलाने का एलान किया है। इसे देखते हुए पश्चिमी उत्तर प्रदेश में पुलिस-प्रशासन भी अलर्ट है।  

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मेरठ से सटे हस्तिनापुर में भारतीय किसान यूनियन के पदाधिकारियों ने शनिवार को केंद्र सरकार का पुतला फूंकने प्रयास किया जिस पर पुलिस ने मौक पर पहुंचकर भाकियू कार्यकर्ताओं से पुतला छीनकर अलग किया। इस दौरान भाकियू कार्यकर्ताओं की पुलिस से तीखी नोकझोंक भी हुई। सूचना पर थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची और किसान संगठन से जुड़े कार्यकर्ताओं को नजरबंद कर दिया। वहीं टकराव की आशंका को देखते हुए विभिन्न स्थानों पर पुलिस फोर्स तैनात किया गया है।

हस्तिनापुर क्षेत्र के कई गांव में भारतीय किसान यूनियन से जुड़े किसानों और पदाधिकारियों द्वारा क्षेत्र में पीएम का पुतला फूंकने की तैयारी थी। जिसकी सूचना मिलते ही थाना पुलिस ने पुतला फूंकने से पहले ही उन्हें भारी पुलिस बल के साथ उनके घरों पर ही नजरबंद कर दिया।

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हस्तिनापुर क्षेत्र में लगभग आधा दर्जन गांव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला फूंकने की योजना भारतीय किसान यूनियन के पदाधिकारियों और किसान संगठन से जुड़े लोगों ने बनाई थी जिसके तहत क्षेत्र के गांव तारापुर, रठौरा कला, रठौरा खुर्द के गांव के हस्तिनापुर रामराज रोड पर चौराहे पर पीएम का पुतला फूंका जाना था। इसकी सभी तैयारी क्षेत्र के भारतीय किसान यूनियन से जुड़े पदाधिकारी और किसानों ने कर ली थीं।  

कई किसान नेता किए नजरबंद
पुतले फूंकने की भनक लगते ही थाना प्रभारी पुलिस फोर्स के साथ खादर क्षेत्र में पहुंचे, जहां पर कई गांव में गश्त किया गया और क्षेत्र के एक गांव में किसान संगठन से जुड़े पदाधिकारियों के घरों में पहुंचकर उनसे पीएम का पुतला न फूंकने की अपील की गई और उन्हें घरों में ही नजरबंद कर दिया गया। पुतला फूंकने की सूचना और हर गतिविधि पर थाना पुलिस नजर बनाए हुए हैं। लगातार क्षेत्र में थाना प्रभारी पुलिस फोर्स के साथ गश्त कर रहे हैं।

सिविल ड्रेस में लगाए गए पुलिसकर्मी
गतिविधियों पर नजर रखने के लिए कई गाड़ियां और पुलिसकर्मी सिविल में लगाए गए हैं, ताकि ऐसी किसी भी सूचना और पुतला दहन करने की तैयारी पर समय से रोक लगाई जा सके। थाना पुलिस के अनुसार क्षेत्र में अभी तक किसी भी स्थान पर कोई पुतला दहन नहीं किया गया है। पुतला दहन करने की तैयारी कर रहे लोगों को घरों में ही नजरबंद किया गया है और पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। लगातार गश्त की जा रही है।
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देर रात तक किसानों से चला वार्तालाप
पीएम-सीएम का पुतला फूंकने की चेतावनी देने वाले किसानों से देर रात तक पुलिस वार्तालाप करती रही। पुलिस के अनुसार किसान नेताओं को समझाने का प्रयास किया गया कि वे ऐसा न करें, इससे बेवजह माहौल खराब होगा। देहात क्षेत्र में देर रात तक पुलिस किसानों से बात करने में लगी रही। एसपी सिटी विनीत भटनागर व एसपी देहात केशव कुमार लगातार किसानों से फोन पर भी बात करते रहे।

हर जगह पहुंची पुलिस-फोर्स 
शनिवार को सुब से ही सिवाया टोल प्लाजा के साथ उन सभी गांवों में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है, जहां किसान पुतले जलाने की तैयारी कर रहे हैं। खुफिया विभाग भी अलर्ट है।  

18 को दौराला, कैंट और परतापुर में ट्रेन रोकने की योजना
संयुक्त किसान मोर्चा के 18 अक्तूबर को प्रस्तावित रेल रोको आंदोलन को लेकर आरपीएफ अलर्ट हो गया है। प्रशासन से वार्ता के बाद दिल्ली से अतिरिक्त फोर्स मंगाने की भी तैयारी है। किसान दौराला, पावली खास, मेरठ कैंट, परतापुर में ट्रेन रोक सकते हैं। इसलिए इन सभी जगह अलर्ट किया गया है।

किसानों का एलान है कि वे सुबह से दोपहर तक ट्रेनें रोकेंगे। इस दौरान गुजरने वाली दैनिक यात्री ट्रेनें, शालीमार, उत्कल, सुपर, शताब्दी, जनशताब्दी प्रभावित हो सकती हैं। शताब्दी और जनशताब्दी से कई वीआईपी लोग भी सफर करते हैं। मेरठ से देहरादून रेल रूट पर शताब्दी और जनशताब्दी का संचालन किया जाता है।
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