मेडा ने इसे स्वीकार करते हुए तीन करोड़ रुपये से दस बस अड्डों की सूरत बदलने पर स्वीकृति दी। मेडा उपाध्यक्ष अभिषेक पांडेय ने बताया कि एमसीटीएसएल में मेडा की 33 फीसदी हिस्सेदारी है। इससे पहले कमिश्नर सेल्वा कुमारी जे. की अध्यक्षता में 27 दिसंबर को हुई एमसीटीएसएल की बैठक में दिशा-निर्देश दिए गए थे।
अप-डाउन 20 स्थलों पर अवस्थापना निधि के तहत शेल्टर बनाने का प्रस्ताव है। इस पर करीब आठ करोड़ रुपये खर्च होंगे। उन्होंने बताया कि मेडिकल कॉलेज, तेजगढ़ी चौराहा, पीवीएस मॉल, आंबेडकर डिग्री कॉलेज/सीसीएस यूनिवर्सिटी, नई सड़क, सोहराब गेट, हापुड़ अड्डा, ईव्ज चौराहा, बच्चा पार्क और बेगमपुल/लालकुर्ती चौराहे का निर्माण किया जाएगा। इसके लिए टेंडर जारी हो चुके हैं।