दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे के चौथे चरण का लाभ हरियाणा के लोगों को भी मिलेगा। डासना के नजदीक एक्सप्रेस-वे को ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस-वे से जोड़ा गया है। ईपीई के ऊपर से दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे गुजर रहा है।
ईपीई के जरिए हरियाणा से मेरठ की ओर आने वाले वाहनों को मोदीनगर मार्ग से आने का छुटकारा मिल जाएगा। दुहाई से सीधे दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे से होते हुए महज 30 मिनट में मेरठ आ जाएंगे। देहरादून और हरिद्वार जाने वाले लोगों को लाभ होगा।
गाजियाबाद से लेकर मोदीनगर मार्ग पर जाम का संकट खत्म हो जाएगा। हालांकि, एनएचएआई की तरफ से एक अप्रैल दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे को खोलने की तिथि तय की गई हैं। लेकिन वाहनों का आवागमन जारी है।
अब आसानी से वाहन मात्र 30 मिनट में डासना पहुंच रहे हैं। वहां से सीधे नोएडा और दिल्ली की तरफ जाकर सफर आसान हो रहा है। अगले एक सप्ताह में एनएचएआई के चेयरमैन इस चरण का निरीक्षण करेंगे।
ये हैं ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस-वे
ईपीई या कुंडली-गाजियाबाद-पलवल (केजीपी) एक्सप्रेस वे 135 किमी (84 मील) लंबा है। छह लेन एक्सप्रेस वे कुंडली, सोनीपत से उत्तर प्रदेश के बागपत, गाजियाबाद और नोएडा जिलों और हरियाणा के फरीदाबाद जिले से गुजरने से पहले पलवल के पास वेस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे से मिलता है। ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस-वे और वेस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे दिल्ली के चारों ओर रिंग रोड बन जाते हैं।