फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कोरोना से जंग: इन स्टाफ नर्सों ने बच्चों से दूर रहकर निभाई जिम्मेदारी, अब याद कर भर आईं आंखें

Fri, 17 Apr 2020 06:28 PM IST
कपिल kapil न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ

सार

  • अपने- अपने बच्चों से दूर हैं ये स्टाफ नर्स
  • बच्चों को याद कर भर आईं स्टाफ नर्सों की आंखें
  • नर्स सहित पूरी टीम को 14 दिन के लिए क्वारंटीन किया गया
विज्ञापन
स्टाफ नर्स - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मेरठ में चिकित्सकों, स्टाफ और कर्मचारियों समेत 22 लोगों को परिवार से दूर 14 दिन के लिए एक होटल में क्वारंटीन कर दिया गया है। खास बात यह है कि चिकित्सकों और स्टाफ के हौसले बुलंद हैं और वे जोश से भरे हुए हैं। 14 दिन के बाद उन्हें फिर से कोरोना के मरीजों के इलाज में जुटना होगा। हालांकि इस पूरी टीम में तीन ऐसी स्टाफ नर्स हैं जिनके छोटे बच्चे हैं। जब अमर उजाला के संवाददाता ने इनसे बात की तो इनकी आंखें नम हो गई। इनका कहना है कि अपनी जिम्मेदारी निभाने के बाद ही बच्चों से मिलेंगी। 

विज्ञापन


अमर उजाला के संवाददाता ने सबसे पहले नर्स अनीता यादव से बात की तो उन्होंने बताया कि वह 16 दिन से अपने पांच साल के बेटे से दूर हैं। उन्होंने बताया कि वह कभी भी अपने बच्चे से एक पल के लिए दूर नहीं हुई। इस दौरान उनकी आंखें नम हो गई। उन्होंने बताया कि बेटा गांव में अपनी दादी के पास है। अब वह एक माह बाद ही अपने बच्चे से मिलेंगी।

यह भी पढ़ें: लॉकडाउन पार्ट-2: घर में आठ साल बाद गूंजी किलकारी, बिटिया का नाम रखा कोरोना कुमारी
विज्ञापन
विज्ञापन


इसके बाद हमारे संवाददाता ने नर्स सविता और कविता से भी बात की। उन्होंने बताया कि वे अपने बच्चों से दूर हैं। उनका कहना है कि दूर रहकर बच्चों की याद तो बहुत आती है लेकिन जिम्मेदारी भी जरूरी है। कविता के छह साल का बच्चा है जबकि सविता के 11 साल का बच्चा है। दोनों का कहना है कि अब वे क्वारंटीन से बाहर निकलने के बाद ही अपने बच्चों से मिल सकेंगी।

नोट- इन खबरों के बारे आपकी क्या राय हैं। हमें फेसबुक पर कमेंट बॉक्स में लिखकर बताएं।

शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें


https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें