- ऑनलाइन माध्यम से हुई कार्य परिषद की बैठक में लिए गए महत्वपूर्ण निर्णय
संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. संगीता शुक्ला की अध्यक्षता में सोमवार को ऑनलाइन माध्यम से कार्य परिषद की बैठक की गई। बैठक में विश्वविद्यालय प्रशासन, छात्र हितों, शोध गतिविधियों और संबद्ध महाविद्यालयों से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। कार्य परिषद ने 35 शोधार्थियों को पीएचडी उपाधि प्रदान किए जाने की स्वीकृति दी। इसके साथ ही छात्रावासों में सुरक्षा बढ़ाने का निर्णय लिया गया। वहीं, गणपति इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी में संचालित बीए, बीबीए एवं बीएड पाठ्यक्रमों की संबद्धता समाप्त करने का निर्णय भी लिया गया।
कार्य परिषद की 27 अप्रैल और छह मई को हुई बैठकों के कार्यवृत्तों पर चर्चा की गई। इसके साथ ही चार मई को आयोजित वित्त समिति और पांच जून को हुई भवन समिति की बैठक के कार्यवृत्तों को भी अनुमोदित किया गया। इस दौरान छात्रावासों की सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए प्रत्येक छात्रावास में रात के समय एक के स्थान पर दो सुरक्षा गार्ड तैनात करने और सभी छात्रावासों में एक-एक केयर टेकर नियुक्त करने का फैसला लिया गया।
बैठक में शासन के निर्देशों के अनुरूप उन महाविद्यालयों एवं संस्थाओं को 15 जुलाई तक अस्थायी संबद्धता प्रदान करने का निर्णय लिया गया, जिनकी संबद्धता समाप्त होने की स्थिति में थी। परिषद ने स्पष्ट किया कि संबंधित संस्थानों को निर्धारित कमियों को समयबद्ध तरीके से दूर कर विवि को सूचित करना होगा। अन्यथा सत्र 2026-27 में उन्हें नए प्रवेश लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी। बैठक में कुलसचिव डॉ. अनिल कुमार यादव, वित्त अधिकारी रमेश चंद्र, डिप्टी रजिस्ट्रार सत्य प्रकाश, प्रो. जितेंद्र ढाका, डॉ. यशवेंद्र वर्मा, इंजीनियर मनीष कुमार मिश्रा और प्रेस प्रवक्ता मितेंद्र कुमार गुप्ता मौजूद रहे।