जिला अस्पताल में भी नहीं है बर्न यूनिट
पीएल शर्मा जिला चिकित्सालय में भी बर्न यूनिट नहीं है। यहां जो जले हुए मरीज आते हैं उनको मेडिकल कॉलेज रेफर किया जाता है। हालांकि डायलिसिस यूनिट वाली बिल्डिंग में बर्न वार्ड बना है, लेकिन स्टाफ न होने के कारण वह संचालित नहीं हो पा रहा है।
यह है जले हुए मरीजों की स्थिति
मेडिकल कॉलेज में समान्य तौर पर हर माह 20 से 25 गंभीर मरीज जलने की स्थिति में आते हैं।
कम जले मरीजों को तो भर्ती कर लिया जाता है, लेकिन 10 से 12 मरीज ऐसे भी आते हैं, जिन्हें रेफर करना पड़ता है।
साल भर में करीब 100 से 150 गंभीर मरीजों को रेफर करना पड़ता है।
नई बर्न यूनिट हैंडओवर होने वाली है। उम्मीद है कि इसको अगले माह शुरू कर दिया जाएगा। स्टाफ और सर्जन के लिए भी शासन को पत्र भेजा गया है। - डॉ. ज्ञानेंद्र कुमार, प्राचार्य, मेडिकल कॉलेज